रियल इस्टेट कारोबारी व अन्य 11 को क्रिप्टो करेंसी में इंवेस्ट करने पर 3 गुना लाभ दिलाने का झांसा देकर शातिर ठग ने 60 लाख की नगद व ऑनलाइन ठगी को अंजाम दिया। ठगी का शिकार हुए लोगों को जब लाभ नहीं मिला तो सिविल लाइन थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई है।
बिलासपुर. पुलिस के अनुसार सीएलसी प्लाजा मंगला चौक निवासी रघुनंदन पिता देवी प्रसाद केनार (32) रियर इस्टेट कारोबारी है। वर्ष 2-12 में रघुनंदन की मुलाकात नरेन्द्र सोनवानी से हुई। नरेन्द्र सोनवानी ने रघुनंदन केनार को झांसा दिया कि वह क्रिप्टो करेंसी एजेंट है। 11 महीने तक क्रिप्टो करेंसी में इंवेस्ट करने पर 3 गुना लाभ दिला सकता है।
झांसे में आकर रघुनंदन केनार ने नरेन्द्र सोनवानी को नगद 2 लाख नगद व 97 हजार ऑनलाइन अपनी बहन लक्ष्मी बाई कुर्रे के एकाउंट में किया। रघुनंदन ने 2 लाख रुपए नगद घर पर जाकर दिया। इसके अलावा क्रेेडिट कार्ड के माध्यम से 52266 व 53660 रुपए दिए जिसका भी लाभ दिलाने का आरोपी नरेन्द्र सोनवानी ने झांसा दिया था।
रघुनंदन ने विभिन्न किस्त में 6 लाख 3 हजार 286 रुपए लगा दिए। 11 महीना बितने के बाद भी जब इंवेस्ट रकम का लाभांश प्राप्त न होने पर कारोबारी ने जब लाभांश कब तक मिलेगा जानने के लिए फोन किया तो मोबाइल नम्बर बंद था। ठगी का एहसास होने पर पीड़ित ने सिविल लाइन थाने पहुंच कर मामले की शिकायत दर्ज कराई है। सिविल लाइन पुलिस अपराध दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।
पत्नी, बहन और भांजी के खाते में डलवाए रुपए
नरेन्द्र सोनवानी ने क्रिप्टो करेंसी के नाम पर अपने ही एकाउंट में नहीं बल्कि पत्नी सावित्री सोनवानी, बहन लक्ष्मी कुर्रे व भांजी मयुरी कुर्रे के नाम पर लगभग 60 लाख रुपए लिए हैं। 60 लाख रुपए मिलने के बाद नरेन्द्र सोनवानी मोबाइल बंद कर फरार हो गया।
इन्होंने दिए क्रिप्टो करेंसी के नाम रुपए
विक्रम खाण्डेकर ₹3 लाख 70 हजार व ₹2 लाख आन लाइन 2 लाख नगद, रुपेश कुमार ₹10 लाख रुपए, प्रभात शंकर ₹11 लाख, उपेन्द्र लहरे ₹2 लाख, विजय सोनी ₹2 लाख 50 हजार, नवीन कश्यप ₹2 लाख, अजय खाण्डेकर ₹2 लाख ₹39 हजार 246 आनलाइन ₹1 लाख 50 हजार नगद, कपिल यादव ₹2 लाख, श्रीकांत नागदे 4 लाख ₹68 हजार 8 सौ, देवेन्द्र लहरे ₹1 लाख नगद व ₹1 लाख आनलाइन, अजम खाण्डेकर ₹60 हजार आन लाइन, ₹40 हजार नगद व ₹40 हजार कैशव व महेश महतो ने 8 लाख रुपए क्रिप्टो करेंसी के नाम पर इंवेस्ट किया था।
क्रिप्टो करेंसी के नाम पर 60 लाख रुपए की ठगी की वारदात होने की शिकायत लेकर पीड़ित अपने साथियों के साथ थाने पहुंचा था। शिकायत पर अपराध दर्ज कर एसीसीयू की सहायता से आरोपी की पता तलाश करने टीम रवाना की जाएगी।
परिवेश तिवारी, थाना प्रभारी सिविल लाइन