उनका कहना है कि पिछले करीब 50 वर्षों से राजधानी में रह रहे हैं, लेकिन नाम मतदाता सूची से गायब है। परिवार का एक भी वोट वोटर लिस्ट में नहीं चढ़ा हुआ है, जिससे वे भी इस बार अपने मत का प्रयोग करने से वंचित रह गए हैं। मामले में एडीएम एसके अग्रवाल का कहना है कि अगले माह से फिर मतदाता सूची में नाम जोडऩे का कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा। जो लोग छूट गए है वे फिर से आवेदन कर सकते हैं।