डोंगरगढ़ विधानसभा क्षेत्र के ग्राम कातलवाही पंचायत में वर्ष 2009 में इंदिरा आवास की सूची में नाम आने के बाद भी योजना का लाभ लेने के लिए गांव की तीजन बाई पति सुखी राम साहू के परिवार के सदस्य 9 साल से दफ्तरों के चक्कर लगाने मजबूर हैं। तीजन बाई के पुत्र जनक राम साहू ने प्रधानमंत्री आवास योजना में नाम नहीं आने का कारण पूछा तो सरपंच, सचिव ने ग्रामसभा में हंगामा करने का आरोप लगाते हुए पुलिस के हवाले करा दिया।
झूठी रिपोर्ट लिखाकर परेशान किया जा रहा
पीडि़त युवक ने सोमवार को एसपी के समक्ष लिखित आवेदन देकर आरोप लगाया है कि झूठी रिपोर्ट लिखाकर पुलिस के माध्यम से परेशान किया जा रहा है ताकि योजना के संबंध में सवाल न कर सके। जनक की माँ तीजन बाई ने भी इस संबंध में एक आवेदन कलक्टर को भी दिया है और बताया है कि वर्ष 2007 में ग्राम पंचायत में इंदिरा आवास के लिए आवेदन दिया था। पंचायत प्रस्तावित हो गया। इसके बाद भी योजना का लाभ 9 साल बाद भी नहीं दिया। जिला पंचायत से भी जांच हुई थी।
सवाल करने पर नहीं दे पाए जवाब
वर्तमान में इस योजना का नाम परिवर्तित कर प्रधानमंत्री आवास योजना कर दिया गया है। ग्राम पंचायत में हाल ही में 21 लोगों का नाम इस योजना के तहत शामिल है, लेकिन 9 साल पहले जिनका नाम था, उन्हे लाभ नहीं दिया गया। तीजन ने बताया कि इसी संबंध में ग्रामसभा रखी गई थी, तब उसके पुत्र जनक ने सरपंच, सचिव से नाम नहीं आने का कारण पूछा। दोनों जवाब नहीं दे पाए थे।
शांतिभंग करने का आरोप लगाते हुए थाने में शिकायत कर दी गई। इस वजह से दो बार पुलिस घर से उठा ले गई। हालांकि पूछताछ कर छोड़ दिया गया। इसी तरह जनक ने भी एसपी को आवेदन देकर न्याय दिलाने की गुहार लगाई है। कहा है कि योजना का लाभ देना छोड़कर बेवजह उसके परिवार को फंसाया जा रहा है। बार-बार घर में पुलिस भेजने के कारण परिवार के लोग परेशान हैं।
टीआई अमित बेरिया ने बताया कि उक्त युवक के विरुद्ध एफआईआर नहीं हुई है। सरपंच, सचिव की शिकायत पर पूछताछ करने बुलाए थे। सरपंच को कहा गया कि पात्रता के अनुसार आवास का आबंटन कर दे ताकि विवाद न हो।