
किशोरी से दुष्कर्म मामले में झूठी गवाही देने वाले पिता पर केस दर्ज, आरोपी हुआ दोषमुक्त
सुलतानपुर. घर में घुसकर नाबालिग से दुष्कर्म मामले में अभियोजन पक्ष आरोपी के खिलाफ सबूत नहीं पेश कर सका, बल्कि सही बयान देने से ही मुकर गया। नतीजतन स्पेशल जज पाक्सो एक्ट प्रशांत मिश्र की अदालत ने आरोपी को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया। वहीं अदालत ने झूठी गवाही देने वाले अभियोगी के खिलाफ केस दर्ज कर मामले में आगामी पांच अगस्त के लिए तलब किया है।
जानिए क्या है पूरा मामला
मामला पीपरपुर थाना क्षेत्र के गाजीपुर- भादर गांव से जुड़ा है। जहां के रहने वाले आरोपी शंकरलाल पुत्र श्यामलाल के खिलाफ अभियोगी ने बीते 20 फरवरी की घटना बताते हुए मुकदमा दर्ज कराया। आरोप के मुताबिक बीते 17 फरवरी की रात आरोपी शंकरलाल चौरसिया अभियोगी के घर में घुस गया और उसकी नाबालिग पुत्री के साथ दुष्कर्म किया। शिकायत करने पर जान से मारने की धमकी दी। इस मामले में आरोपी शंकरलाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ और आरोप पत्र भी दाखिल हुआ। प्रकरण का विचारण स्पेशल जज पाक्सों एक्ट की अदालत में चला।
साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त हुआ आरोपी
इस दौरान अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता ने अपने साक्ष्यों एवं गवाहों को पेश किया। फिलहाल अभियोगी मुकदमा गवाही में सही बयान देने से ही मुकर गया। वहीं बचाव पक्ष के अधिवक्ता रणजीत सिंह त्रिसुंडी ने मौजूद साक्ष्यों के आधार पर शंकरलाल को बेकसूर बताया। उभय पक्षों को सुनने के पश्चात स्पेशल जज प्रशांत मिश्र ने आरोपी को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया। वहीं अदालत ने मिथ्या साक्ष्य देने वाले पीड़िता के पिता के खिलाफ केस दर्ज कर अगली पेशी के लिए जवाब मांगा है। मामले में सुनवाई के लिए आगामी पांच अगस्त की तिथि तय की गई है।
Published on:
23 Jul 2019, 5:59 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.