
black money
देश में मोदी सरकार ने 8 नवंबर को नोटबंदी की घोषणा कर दी थी। ये कदम कालेधन रखने वालों पर लगाम लगाने के लिए उठाया गया था। पर नोटबंदी के बाद 60 लाख व्यक्तियों व कंपनियों ने सात लाख करोड़ रुपये के पुराने नोट जमा करवाए हैं।
वरिष्ठ सरकारी अधिकारियों ने कहा कि इस तरह पैसे जमा करवाने वाले लोग ये ना सोचे कि बैंक में जमा करवा देने से ही कालाधन वैध हो गया है,सरकार कर का एक-एक पैसा वसूलेगी।
अधिकारियों ने आगे कहा कि ईमानदार लोग परेशान ना हों, लेकिन कालेधन को वैध बनाने की कोशिश करने वाले लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। इस तरह के लोगों के खिलाफ हरसंभव कार्रवाई की जानी है।
बचाव का रास्ता एक ही है
अधिकारियों के अनुसार, नोटबंदी के बाद अघोषित धन रखने वालों के पास कर चोरी माफी योजना प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना (पीएमजीकेवाई) का विकल्प है और अगर वे इसे नहीं चुनते हैं तो वे बच नहीं सकेंगे।
Published on:
30 Dec 2016 07:17 am
