
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने बुधवार को घरेलू जनता के सामने कश्मीर आैर बुरहान वानी का मामला उठाया। भारत ने संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान को करारा जवाब दिया। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि सैयद अकबरुद्दीन ने कहा कि पड़ोसी देश का नजरिया बीते जमाने की बात हो चुकी है आैर अब इस पर कोर्इ ध्यान देने वाला नहीं है। साथ ही उन्हेांने कहा कि भारत दृढता से पाकिस्तान को जवाब देता रहेगा।
उन्होंने एक बार फिर कश्मीर का मामला उठाने के लिए पाकिस्तान को जमकर लताड़ा। उन्हेांने कहा, 'अपनी निरर्थक इच्छा को त्याग दीजिए, जम्मू कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा है आैर रहेगा। इस मसले पर पाकिस्तान के अंतरराष्ट्रीय मंचों के दुरुपयोग से वास्तविकता नहीं बदलेगी।'
उन्होंने कहा कि जो देश दुनिया में खुद को आतंक का केंद्र साबित कर चुका है उसके कश्मीर को लेकर किए जा रहे दावे वैश्विक समुदाय के बीच कोई स्थान नहीं रखते।
इसके साथ ही सैयद अकबरुद्दीन ने संयुक्त राष्ट्र की कार्यप्रणाली की भी तीखी आलोचना की। विशेष रूप से सुरक्षा परिषद के बारे में उन्होंने कहा, 'इस इकाई का मकसद शांति आैर सुरक्षा को बरकरार रखना था लेकिन यह समय की जरूरतों को लेकर कई प्रकार से अनुत्तरदायी बन चुकी है और चुनौतियों से निपटने में निष्प्रभावी है।' उन्होंने कहा कि 20 सालों तक बातचीत के बाद भी आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई करने या उनके प्रत्यर्पण के लिए कोई अंतरराष्ट्रीय मानक तय नहीं हो सके हैं।
गौरतलब है कि सैयद अकबरुद्दीन से पहले भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने पाकिस्तान का आड़े हाथ लिया था आैर सख्त संदेश दिया था।
Published on:
06 Oct 2016 07:52 am
