CM योगी आदित्यनाथ ने 30 अक्टूबर को प्रयाराज में टोंस नदी पर बने पुल का ऑनलाइन उद्धाटन किया था। उद्धाटन के 24 घंटे के भीतर ही पुल में दरारें आ गईं।
टोंस नदी पर बना पुल एमपी और यूपी को जो़ड़ता है। 66 करोड़ रुपए की लागत से पुल बना था। पुल पर आई दरारों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हुईं तो लोगों की प्रतिक्रियाएं आने लगीं। लोगों ने कहा कि इसकी जांच होनी चाहिए। अधिकारियों का कहना है कि पुल में दरारें नहीं आई हैं, बल्कि इसकी मिट्टी धंस गई है।
पुल में दरार का कारण मिट्टी का धंसना बताया
टोंस नदी के ऊपर बने पुल पर आई गड़बड़ी पर राज्यसेतु निगम के लोगों का कहना है कि यह मिट्टी धंसने का मामला आया है। जिस तरह की तस्वीर आई है, इसमें मिट्टी तो नहीं, लेकिन पुल में दरार की तरह कुछ नजर आ रहा है। तस्वीर वायरल होने के एक दिन बाद जब उस जगह हो देखा गया तो वहां पर बालू डाल दिया गया था।
एक किलोमीटर का टोंस नदी पर बना पुल
टोंस नदी पर एक मिलोमीटर का पुल बना है। कौशांबी बॉर्डर के प्रतापपुर से भारतगंज को जोड़ता है। यूपी-एमपी के लगभग 200 गांवों और बाजारों को जोड़ता है। पुल में प्रवेश करते ही दरार मिलने की शिकायत अधिकारियों को मिली थी। इसके बाद उसे सही कर दिया गया। अधिकारी मिट्टी धंसने का मामला मान रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि अभी कई बार मिट्टी धंसेगी।
मिट्टी डालकर कर दिया गया लेबल
राज्यसेतु निगम के अनिरुद्ध कुमारने मीडिया को बताया कि अभी लेबल में नहीं आया है, इसलिए इसमें दरार नजर आ रही है। बुधवार को 2 घंटे के लिए पुल पर आवागमन बंद करके इसे मिट्टी डालकर लेबल में ला दिया गया है। अगले महीने एक बार फिर से कुछ दरार देखने को मिलेगी। मिट्टी बैठने के कारण दारारें आती हैं।