Ahmedabad news: महानगरपालिका (मनपा) चुनाव में शहर के शाहपुर (17 नंबर) वार्ड से इस बार कांग्रेस ने ऐसा दांव चला है, जिससे विरोध पक्ष वाले भी बिना चौंके नहीं रहे। वार्ड से सामान्य महिला आरक्षित सीट से पार्टी ने एक आम महिला आशा दंताणी को उम्मीदवार बनाया है। महिला का कहना है कि पार्षद का […]
Ahmedabad news: महानगरपालिका (मनपा) चुनाव में शहर के शाहपुर (17 नंबर) वार्ड से इस बार कांग्रेस ने ऐसा दांव चला है, जिससे विरोध पक्ष वाले भी बिना चौंके नहीं रहे। वार्ड से सामान्य महिला आरक्षित सीट से पार्टी ने एक आम महिला आशा दंताणी को उम्मीदवार बनाया है। महिला का कहना है कि पार्षद का टिकट मिलना उनके लिए अभी सपने जैसा लग रहा है। पार्टी ने उन पर जो भरोसा जताया है, उसे वे बरकरार रखेंगी।आशा दंताणी कोई स्थापित चेहरा नहीं हैं, बल्कि शहर के रविवारीय गुर्जरी बाजार में पिछले 25 वर्षों से फुटपाथ पर खिलौने बेचकर परिवार का पालन-पोषण करने वाली महिला हैं। सादगी और संघर्ष से भरी उनकी जिंदगी अब राजनीति के नए मोड़ पर पहुंच गई है।
आशाबेन ने कहा कि वे पार्षद बनने पर भी अपना वर्षों पुराना कार्य करती रहेंगी और जरूरतमंद की संभव मदद करेंगी। उनके पति गोपाल दंताणी लंबे समय से कांग्रेस से जुड़े हैं। निष्ठा और समर्पण का परिणाम है कि पार्टी ने उनकी पत्नी आशा को टिकट दिया है।
टिकट मिलने के बाद भी आशा दंताणी की सादगी जस की तस है। रविवार को भी वे गुर्जरी बाजार में फुटपाथ पर बैठकर खिलौने बेचती नजर आईं। उनकी आंखों में जहां जिम्मेदारी का एहसास है, वहीं चेहरे पर आत्मविश्वास भी साफ झलकता है। उनका कहना है कि गुर्जरी बाजार में उनके साथ व अन्य लोगों पर पूर्ण भरोसा है।
दरियापुर से पूर्व विधायक ग्यासुद्दीन शेख ने कहा कि आशा दंताणी के पति गोपाल दंताणी वर्षों से कांग्रेस के कार्यकर्ता हैं। पार्टी ने समर्पित कार्यकर्ता की पत्नी को टिकट दिया है, जो काफी अहम है। उन्होंने उम्मीद जताई कि शाहपुर ही नहीं, कालूपुर और खाडिया जैसे क्षेत्रों में कांग्रेस का माहौल सकारात्मक है। इस बार फर्जी मतदाताओं के नाम हटाए जाने को उन्होंने निष्पक्ष चुनाव की दिशा में बड़ा कदम बताया।