अयोध्या

‘मैं तो सावन में भी मछली खाता हूं’, कैबिनेट मंत्री बोले- निषाद जहां रहेगा वहां मछली खाएगा, यह पाप नहीं भोजन है

Fish Eating Controversy: अयोध्या में मछली भोज को लेकर सियासी विवाद बढ़ गया है। कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने कहा कि मछली खाना पाप नहीं, बल्कि निषाद समाज का पारंपरिक भोजन है। उन्होंने अजय राय के मंदिर दर्शन के बाद भोज पर सवाल उठाए।
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Aug 26, 2026
sanjay nishad
कैबिनेट मंत्री संजय निषाद (ANI Photo)

Ayodhya Fish Feast: अयोध्या में कांग्रेस के निषाद सम्मेलन के दौरान हुए मछली भोज को लेकर यूपी की सियासत में बयानबाजी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के अजय राय पर निशाना साधने के बाद अब कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि मछली खाना पाप नहीं, बल्कि निषाद समाज का पारंपरिक भोजन है। संजय निषाद ने कहा कि मैं तो सावन में भी मछली खाता हूं। उन्होंने सवाल उठाया कि विवाद मछली खाने को लेकर नहीं, बल्कि मंदिर दर्शन के बाद मछली भोज आयोजित करने को लेकर है।

संजय निषाद बोले- मछली खाना पाप नहीं

संजय निषाद ने कहा कि मछली खाना पाप नहीं है, हम सनातनी हैं, में तो सावन में भी मछली खाता हूं, मछली निषाद समाज का पारंपरिक भोजन है। उन्होंने कहा कि जहां निषाद रहेगा, वहां मछली खाएगा। निषाद समाज का जीवन लंबे समय से मछली और नदियों से जुड़ा रहा है। ऐसे में केवल मछली खाने को लेकर सवाल उठाना सही नहीं है। संजय निषाद ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह मछली के बहाने मछुआरा समाज को अपने साथ जोड़ना चाहती है।

मछली भोज पर सियासी बयानबाजी तेज

संजय निषाद ने कहा कि भाजपा ने यह नहीं पूछा कि निषाद समाज मछली क्यों खाता है। सवाल यह है कि अजय राय ने मंदिर दर्शन के बाद मछली भोज क्यों कराया। उन्होंने कहा कि एक तरफ अजय राय राम मंदिर और हनुमानगढ़ी में दर्शन कर रहे थे और दूसरी तरफ मछली भोज हो रहा था। संजय निषाद ने इसी को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि निषाद समाज के मछली खाने पर कोई आपत्ति नहीं है।

सावन में मछलियों को खाने पर रोक नहीं- संजय

संजय निषाद ने सावन में मछली खाने से परहेज को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि सावन के समय मछलियों का प्रजनन होता है। इस दौरान मछली नहीं पकड़ी जाए तो उनकी संख्या बढ़ेगी और नदियां साफ रहेंगी। उन्होंने यह भी कहा कि सभी तरह की मछलियों को खाने पर रोक नहीं है और कुछ मछलियों को खाने की पूरी छूट है।

संजय निषाद ने निषाद समाज की आर्थिक स्थिति का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अंग्रेजों ने निषाद समाज की जमीन छीन ली थी। ऐसे में अगर उनके पास अनाज नहीं है तो वह मछली खाकर अपना जीवन चलाएंगे। उन्होंने कहा कि मछली उनके लिए भोजन और पारंपरिक जीवन का हिस्सा है।

जानिए क्या है पूरा विवाद

अयोध्या में रविवार को कांग्रेस का निषाद सम्मेलन आयोजित किया गया था। बताया गया कि इसका आयोजन निषाद समाज की ओर से किया गया था। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय भी इसमें शामिल हुए थे। कार्यक्रम में जाने से पहले अजय राय ने हनुमानगढ़ी में दर्शन-पूजन किया था। इसके बाद सम्मेलन में मछली बनते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसी को लेकर विवाद शुरू हुआ।

सोमवार को रायबरेली में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अजय राय पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कुछ लोग एक तरफ राम-राम करते हैं और दूसरी तरफ मंदिर में दर्शन करने के बाद मछली की दावत करते हैं।

Updated on:
26 Aug 2026 12:41 pm
Published on:
26 Aug 2026 12:41 pm
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