बेसिक शिक्षा विभाग में उस समय हड़कंप मच गया जब मानव संपदा पोर्टल पर 42 शिक्षकों की दो-दो आईडी सक्रिय होने का मामला सामने आया। जांच में पता चला कि आजमगढ़ मंडल में कुछ ऐसे शिक्षक चिन्हित हुए हैं जिनका नाम, जन्म तिथि और यहां तक कि पिता का नाम भी एक जैसा दर्ज है, […]
बेसिक शिक्षा विभाग में उस समय हड़कंप मच गया जब मानव संपदा पोर्टल पर 42 शिक्षकों की दो-दो आईडी सक्रिय होने का मामला सामने आया। जांच में पता चला कि आजमगढ़ मंडल में कुछ ऐसे शिक्षक चिन्हित हुए हैं जिनका नाम, जन्म तिथि और यहां तक कि पिता का नाम भी एक जैसा दर्ज है, जबकि वे अलग-अलग परिषदीय विद्यालयों में तैनात दिखाए गए हैं।
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि ऐसे 30 शिक्षक आजमगढ़, आठ बलिया और चार मऊ जनपद में कार्यरत दर्शाए गए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए बेसिक शिक्षा निदेशालय ने आजमगढ़ मंडल के सहायक शिक्षा निदेशक (एडी बेसिक) से संबंधित शिक्षकों का विस्तृत ब्योरा तलब किया है।
सूत्रों के अनुसार, फर्जीवाड़े की आशंका गहराने पर कुछ शिक्षक विद्यालय से अनुपस्थित बताए जा रहे हैं। विभागीय स्तर पर कार्रवाई करते हुए संबंधित सभी शिक्षकों का वेतन फिलहाल रोक दिया गया है। साथ ही उन्हें 6 मार्च को नियुक्ति के समय प्रस्तुत किए गए मूल प्रमाण पत्रों और अभिलेखों के साथ कार्यालय में उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं।
अधिकारियों का कहना है कि दस्तावेजों की गहन जांच के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। यदि अनियमितता प्रमाणित होती है तो संबंधित शिक्षकों के विरुद्ध कड़ी विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जाएगी।