वाराणसी में कांग्रेस पार्षद बुधवार को घुटने के बल चलकर नगर निगम मुख्यालय पहुंचे। उन्होंने अपर नगर आयुक्त को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान नगर निगम प्रशासन पर कई गंभीर आरोप लगाए।
यूपी नगर निकाय चुनाव 2022 करीब आने के साथ सियासत भी तेज हो गई है। आरोप प्रत्यारोप का दौर शुरू हो चुका है। वाराणसी में तो कांग्रेस पार्षदों ने तो बिल्कुल अलग अंदाज में प्रदर्शन किया। पार्षद घुटने और केहुनी के बलपर चलकर नगर निगम कार्यलय पहुंच गए। उन्होंने नगर आयुक्त से मिलकर निगर प्रशासन पर कई गंभीर आरोप लगाए।
पार्षद अफजाल अंसारी के नेतृत्व में प्रदर्शन
कांग्रेस पार्षद अफजाल अंसारी के नेतृत्व में कांग्रेस पार्षद नगर निगम कार्यालय के बाहर से ही घुटने और केहुनी के बल पर चलते दिख। उन्होंने कोटे का टेंडर नहीं करने का आरोप लगाते हुए अपर नगर आयुक्त दुष्यंत कुमार को मांगों से जुड़ा ज्ञापन सौंपा। उन्होंने आश्वासन दिया कि नगर आयुक्त से बातचीत कर उचित कार्रवाई कराएंगे।
बोले पार्षद, चप्पल घिस गई इसलिए घुटने के बल चले
कांग्रेस पार्षदों ने आरोप लगाया कि आठ सालों से नगर निगम में दौड़ते दौड़ते उनकी चप्पलें घिस गई हैं। इस नाते अब घुटने और केहुनी के बल चलकर विरोध जताया है। वित्तीय वर्ष 22-23 में पार्षद कोटे की धनराशि 10 लाख रुपये का टेंडर नहीं कराया गया। जान बूझकर उनके साथ भेदभाव किया जा रहा है।
भाजपा पार्षदों के वार्डो का हुआ टेंडर
अफजाल अंसारी, रेशमा परवीन, हाजी ओकास अंसारी, रमजान अली ने आरोप लगाया कि केवल भाजपा पार्षदों के वार्डों में टेंडर कराया गया है। टेंडर न होने से काम प्रभावित हो रहा है। उन्होंने शहर की समस्याओं के प्रति भी अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराया। कहा कि आम जनता को बगैर बताए गृहकर में बढ़ोतरी कर दी गई है।