राजेंद्र नगर स्थित दि डेन कैफे में नर्सिंग छात्रा की बर्थडे पार्टी के दौरान हुई मारपीट और तोड़फोड़ के मामले में फरार चल रहा मुख्य आरोपी ऋषभ ठाकुर ने आखिरकार न्यायालय में सरेंडर कर दिया। सरेंडर से पहले कचहरी रोड पर रीलबाजी करता हुआ वीडियो वायरल होने के बाद एक बार फिर मामला सुर्खियों में आ गया।
बरेली। राजेंद्र नगर स्थित कैफे में छात्रा की बर्थडे पार्टी के दौरान हुई मारपीट और तोड़फोड़ के मामले में फरार चल रहा मुख्य आरोपी ऋषभ ठाकुर आखिरकार कोर्ट में सरेंडर कर गया। लंबे समय से पुलिस की पकड़ से बाहर चल रहा ऋषभ ठाकुर पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ था। उसकी गिरफ्तारी के लिए एसओजी की दो टीमें लगाई गई थीं, लेकिन वह खुलेआम शहर में घूमता रहा और अंत में खुद न्यायालय पहुंच गया।
राजेंद्रनगर के दि डेन कैफे में जब नर्सिंग की छात्रा अपने दोस्तों के साथ कैफे में जन्मदिन मना रही थी। आरोप है कि बजरंग दल का तथाकथित कार्यकर्ता ऋषभ ठाकुर अपने साथियों के साथ अचानक कैफे में घुसा और वहां मौजूद युवकों के साथ जमकर मारपीट की। इस दौरान महिलाओं के साथ बदसलूकी और कैफे में तोड़फोड़ भी की गई। कैफे में हुई मारपीट और तोड़फोड़ का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया था। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। हालांकि मुख्य आरोपी ऋषभ ठाकुर घटना के बाद से फरार चल रहा था।
ऋषभ ठाकुर ने कोतवाली थाना क्षेत्र स्थित न्यायालय में सरेंडर किया। सरेंडर से पहले कचहरी रोड पर उसका एक और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसमें वह अपने कुछ साथियों के साथ बेखौफ अंदाज में चलता नजर आया। ऋषभ ठाकुर का नाम पहले भी कई विवादों में सामने आ चुका है। वह देवबंदी उलेमा महबूब मदनी के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्टर शौचालय में लगाने के मामले में चर्चा में रहा है। इसके अलावा सोशल मीडिया पर उसका एक पुराना वीडियो भी वायरल हो रहा है, जिसमें वह भीड़ के बीच एक घायल युवक के पास खड़ा दिखाई देता है। उस समय लिखित शिकायत न होने के कारण कार्रवाई नहीं हो सकी थी।
पुलिस वर्तमान मामले में ऋषभ ठाकुर को मुख्य साजिशकर्ता मान रही है। बताया जा रहा है कि वह पुराना शातिर अपराधी है। पुलिस का कहना है कि कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। कैफे कांड के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया था, जिसे देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया। अब ऋषभ ठाकुर के सरेंडर के बाद पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है। पूरे मामले पर प्रशासन और पुलिस की नजर बनी हुई है।