बाड़मेर

#World tourism day 2018 पर्यटन विकास की नहीं बनाई योजना, फिर कैसे आएंगे पावणे

-विश्व पर्यटन दिवस
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Sep 27, 2018
World tourism day
World tourism day

-पर्यटन विकास के कार्यक्रम कर दिए बंद

-प्रशासन व पर्यटन विभाग दोनों ही नहीं ले रहे रूचि
बाड़मेर. थार में पर्यटन की असीम संभावनाओं की अनदेखी की जा रही है। इसके कारण ही यहां पर पर्यटन का विकास नहीं हो रहा है। बाड़मेर जिले में कई ऐतिहासिक पर्यटन स्थान है, लेकिन पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए कोई योजना नहीं बनी। कुछ लोगों ने प्रयास किए, लेकिन वे भी सहयोग की कमी के कारण अधूरे ही रह गए। हालांकि कुछ स्थानों पर देसी पर्यटक आते हैं, लेकिन इनमें प्रशासन या पर्यटन विभाग का कोई योगदान नहीं है।

पयर्टन को बढ़ावा देने के लिए बाड़मेर में हर साल आयोजित होने वाला थार महोत्सव साल 2012 से बंद हो गया। इसके बाद किसी ने भी इसे फिर से शुरू करने की कोई योजना ही नहीं बनाई। प्रशासन ने बजट नहीं होने का हवाला देते हुए महोत्सव को बंद कर दिया। पिछले सात साल से महोत्सव नहीं हो रहा है। बैठकों में जरूर महोत्सव की बातें खूब की गई। हकीकत में महोत्सव दूर तक नजर नही आया। आयोजन ही नहीं होंगे तो पर्यटक कैसे जुड़ेंगे। प्रशासन ने बजट नहीं होने का हवाला देते हुए महोत्सव को बंद कर दिया। पिछले सात साल से महोत्सव नहीं हो रहा है। बैठकों में जरूर महोत्सव की बातें खूब की गई।

ऐसे हैं पर्यटन विभाग की होटल के हालात

पर्यटन विभाग यहां पर्यटकों को लाने के लिए उदासीन ही रहा है। इसका सबसे बड़ा उदाहरण विभाग की होटल खड़ताल है। साल 1994 में बनी इस होटल की अब तो छत भी नहीं बची। छत भी उखड़ चुकी है। होटल की विभाग भी सुध नहीं ले रहा है।
यहां विकसित हो सकता है पर्यटन

-महाबार के मखमली धोरे
-किराडू के मंदिर

-सिवाना का किला
-हल्देश्वर की पहाडिय़ां

-राष्ट्रीय मरू उद्यान

धार्मिक पर्यटन के स्थान
-नाकोड़ा तीर्थ

-चौहटन का वीरातरा मंदिर

Published on:
27 Sept 2018 09:57 am