Vivek Dhakar Suicide case : राजस्थान में लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी के लिए सुबह-सुबह दुखद खबर सामने आई। विवेक धाकड़ के निधन के बारे में जिसने भी सुना, एक बार तो विश्वास ही नहीं कर पाया।
Vivek Dhakar Suicide case : राजस्थान में लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी के लिए सुबह-सुबह दुखद खबर सामने आई। भीलवाड़ा के मांडलगढ़ से पूर्व विधायक और कांग्रेस नेता विवेक धाकड़ ने अपने हाथों की नसें काटकर खुदकुशी कर ली। उनके निधन से प्रदेशभर में शोक की लहर दौड़ गई है। विवेक धाकड़ के निधन के बारे में जिसने भी सुना, एक बार तो विश्वास ही नहीं कर पाया। क्योंकि विवेक धाकड़ बुधवार को सीपी जोशी की नामांकन सभा में मौजूद थे। ऐसे में हर किसी के जेहन में एक ही सवाल है कि आखिर विवेक धाकड़ ने खुदकुशी क्यों की?
दरअसल, कांग्रेस नेता विवेक धाकड़ ने गुरुवार सुबह उस वक्त खुदकुशी की। जब उनके पिता कन्हैया लाल धाकड़ मॉर्निंग वॉक पर गए थे। वो जब घर लौटे तो बेटे को कुर्सी पर बैठा हुआ पाया। लेकिन, उसके दोनों हाथों से खून बहता देख उनके होश उड़ गए। विवेक धाकड़ को तुरंत महात्मा गांधी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उनके सुसाइड की खबर से हर कोई स्तब्ध हैं। उनके पैतृक गांव में घरों में चूल्हे तक नहीं जले।
बता दें कि विवेक धाकड़ बुधवार को कांग्रेस के लोकसभा प्रत्याशी सीपी जोशी की नामांकन रैली में शामिल हुए थे। कांग्रेस प्रत्याशी सीपी जोशी के नामांकन के दौरान भी धाकड़ जिला निर्वाचन अधिकारी के कक्ष में मौजूद थे। गुलाब वाटिका में आयोजित सभा को भी धाकड़ ने संबोधित किया था। देर शाम तक वो सीपी जोशी के साथ रहे थे और कांग्रेस के लिए जोर-शोर से प्रचार प्रसार में जुटे हुए थे। लेकिन, सुबह उठते ही उन्होंने खुदकुशी कर ली। उनके निधन पर सीपी जोशी ने दुख व्यक्त किया है।
पूर्व विधायक विवेक धाकड़ कांग्रेस के दमदार नेता माने जाते हैं। विवेक धाकड़ 2019 में मांडलगढ़ सीट से उपचुनाव में विधायक चुने गए थे। हालांकि, 2013, 2018 और 2023 के विधानसभा चुनाव में हार का सामना करना पड़ा था। इनके पिता कन्हैयालाल धाकड़ की क्षेत्र में अच्छी पकड़ है।