- भाजपा नेता के पुत्र से 5 करोड़, बिजनेस पार्टनर से 1.75 करोड़ व तीनों प्रोसेस से 3.25 करोड़ की वसूली
डायरेक्ट्रेट जनरल ऑफ गुड्स एंड सर्विस टैक्स इंटेलिजेंस (डीजीजीआई) जयपुर से आई टीम ने कर चोरी के 10 करोड़ की वसूली करने के साथ शुक्रवार को भीलवाड़ा से रवाना हो गई। टीम ने करीब 15 करोड़ से अधिक की कर चोरी का खुलासा किया था। इसके तहत टीम ने भाजपा नेता के पुत्र से 5 करोड़, बिजनेस पाटर्नर से 1.75 करोड़ तथा तीनों प्रोसेस हाउस संचालकों से 3.25 करोड़ की कर वसूली की।
डीजीजीआई की टीम ने गुरुवार को भीलवाड़ा में एक साथ छह ठिकानों पर छापामारा था। यह कार्रवाई फर्जी बिलों के जरिए करोड़ों की जीएसटी चोरी के मामले में हुई। टीम ने यह छापा नगर विकास न्यास के पूर्व चेयरमैन व भाजपा नेता के पुत्र और उनके सहयोगी के प्रतिष्ठानों पर मारा। टीम ने गुरुवार को ही तीनों प्रोसेस हाउस से कर चोरी की राशि वसूल करने के बाद टीम की जांच केवल भाजपा नेता के पुत्र के घर व उसके सहयोगी साथी के यहां केंद्रीत हो गई थी। टीम कर चोरी की राशि को लेकर अड़ी रही। अंतत: भाजपा नेता के पुत्र ने 5 करोड़ रुपए की राशि जमा कराने की सहमति देने के बाद कार्रवाई को अंजाम दिया गया। डीजीजीआई के खाते में राशि आने के बाद कार्रवाई को विराम दिया गया। टीम अपने साथ मोबाइल फोन, लेपटॉप, महत्वपूर्ण दस्तावेज लेकर गई है। बताया गया है कि यह कर चोरी का मामला तीन साल पुराना है। केमिकल व्यापारी ने प्रोसेस हाउस को बिना बिल के ही केमिकल की सप्लाई की थी। इसका खुलासा जांच के दौरान हुआ है।