ऑनलाइन के स्थान पर ऑफलाइन हो रहा काम
भीलवाड़ा।
देश डीजिटल की और दौड़ रहा है वही भीलवाड़ा नगर परिषद पिछले एक साल से ऑनलाइन को काम बन्द करके ऑफ लाइन कर रहा है। हालांकि यह स्थिति प्रदेश के अन्य नगर परिषदों की भी है। जहां कई ऑनलाइन कार्य स्मार्ट तरीके से करवाने के लिए शुरू किया स्मार्टराज प्रोजेक्ट फेल हो गया। जिस फर्म को प्रदेश के सभी निकायों में कार्य करने के आदेश सरकार ने दिए उसे अब सरकार ने ब्लैक लिस्टिेट कर दिया है। इससे निकायों की कार्यप्रणाली प्रभावित होने के साथ आमजन को परेशानी का सामना करना पड़ा है।
स्मार्टराज के तहत ऑनलाइन कार्य संपादित करने के लिए प्रदेशभर के बड़े नगर निगम से लेकर छोटी नगरपालिकाओं का काम एक ही फर्म को दिया गया। लेकिन कई नोटिस और तिथियां बढ़ाने के बाद भी इस फर्म ने काम बेहतर तरीके से नहीं किया। अंतिम मियाद खत्म होने पर प्रोजेक्ट की समीक्षा के लिए बनी कमेटी ने फर्म का ठेका निरस्त करने के साथ कई निकायों को जरूरी काम अपने स्तर पर करवाने के निर्देश दिए हैं। इसके चलते भीलवाड़ा नगर परिषद में सभी काम अब ऑफ लाइन हो रहे है। इसके कारण उनका रिकार्ड रखने में भी परिषद कर्मचारियों को परेशानी हो रही है।
यह काम होने थे स्मार्टराज में
- ई-गर्वनेंस सभी निकायों में।
- सिंगल स्टेट लेवल सॉफ्टवेयर सोल्यूशन देना था।
- सिंगल विंडो सर्विस आमजन को कहीं से भी देने का उद्देश्य था।
- सभी 187 निकायों का वेब पोर्टल तैयार करना था।
- निकायों की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता व विश्वसनीयता बढ़ाना।
इनमें होना था काम
- श्रेणी अ के 7 नगरनिगम
- श्रेणी ब की 25 नगर परिषद
- श्रेणी स के 43 नगरीय निकाय
- श्रेणी द के 112 निकायों में काम होना था
क्या रही स्थिति
कुल 187 नगरीय निकायों में से 56 निकायों में स्मार्टराज प्रोजेक्ट का कोई काम शुरू नहीं हुआ। जिन 131 निकायों मे काम शुरू हुआ वहां भी कुछ ही मोड्यूल शुरू किए। इससे कई निकायों में कामकाज प्रभावित हुए।
अब यह करना है निकायों को
सभी निकायों को अपने स्तर पर स्मार्टराज प्रोजेक्ट के काम पूरे करवाने होंगे। इसमें यूडी टैक्स वसूली, लीज राशि वसूली, शिकायतों का निस्तारण, सामुदायिक भवन की बुकिंग, सिंगल विण्डो शामिल है। सोलिड वेस्ट मैनेजमेंट के लिए सॉफ्टवेयर भी निकायों को ही बनाना होगा।
अधिकारियों को ऑनलाइन के दिए निर्देश
भीलवाड़ा नगर परिषद में पिछले कई समय से ऑफ लाइन काम चल रहा है। लेकिन ऑनलाइन करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए है। इसके लिए एजेन्सी से बातचीत चल रही है। जल्द ही पूरी परिषद को ऑन लाइन किया जाएगा। ताकि आम लोगों को राहत मिल सके। पहले यह काम स्मार्ट राज के तहत होना था। लेकिन उसके ठेका निरस्त होने से काम बन्द पड़ा है।
राकेश पाठक, सभापति नगर परिषद