प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड कार्यालय में होगी बैठक भीलवाड़ा जिले के खनन क्षेत्र में पारदर्शिता और रफ्तार लाने के लिए भजनलाल सरकार के निर्देशों के तहत प्रशासन अब सक्रिय मोड में है। भीलवाड़ा जिले के समस्त खनन पट्टा धारकों के लिए पट्टों के ऑटो नवीनीकरण की राह आसान करने के उद्देश्य से 20 फरवरी को एक […]
भीलवाड़ा जिले के खनन क्षेत्र में पारदर्शिता और रफ्तार लाने के लिए भजनलाल सरकार के निर्देशों के तहत प्रशासन अब सक्रिय मोड में है। भीलवाड़ा जिले के समस्त खनन पट्टा धारकों के लिए पट्टों के ऑटो नवीनीकरण की राह आसान करने के उद्देश्य से 20 फरवरी को एक बैठक का आयोजन किया जा रहा है। राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय कार्यालय में दोपहर 12 बजे होने वाली इस बैठक में नवीनीकरण की नई प्रक्रिया, प्रावधानों और तकनीकी पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।
खनिज अभियंता महेश शर्मा ने बताया कि इस बैठक का मुख्य उद्देश्य पट्टा धारकों को नई ऑटो नवीनीकरण प्रणाली से अवगत कराना है ताकि वे बिना किसी तकनीकी बाधा के समयबद्ध तरीके से अपने पट्टों का नवीनीकरण सुनिश्चित कर सकें। विभाग ने स्पष्ट किया है कि सभी पट्टा धारक अपने आवश्यक दस्तावेजों के साथ इस बैठक में उपस्थित रहें।
पट्टों के ऑटो नवीनीकरण की नई व्यवस्था से न केवल भ्रष्टाचार पर लगाम लगेगी, बल्कि खनन व्यवसायियों को दफ्तरों के चक्कर काटने से भी मुक्ति मिलेगी। पूरी प्रक्रिया सरल एवं पारदर्शी प्रक्रिया ऑनलाइन होने से मानवीय हस्तक्षेप न्यूनतम होगा और पारदर्शिता बढ़ेगी। फाइलों के इधर-उधर घूमने में होने वाला अनावश्यक विलंब समाप्त होगा। नवीनीकरण समय पर होने से खनन कार्य में ब्रेक नहीं लगेगा, जिससे उत्पादन और रोजगार दोनों सुरक्षित रहेंगे। समयबद्ध प्रक्रिया से सभी कानूनी और पर्यावरणीय शर्तों का पालन आसानी से हो सकेगा। ऑनलाइन दस्तावेजों की फीडिंग के कारण अब खनिज विभाग के बार-बार चक्कर नहीं काटने होंगे। खनिज अभियंता महेश शर्मा का कहना है कि सभी खनन पट्टा धारक बैठक में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहें। ऑटो नवीनीकरण की प्रक्रिया को समयबद्ध पूरा करने के लिए जरूरी है कि पट्टा धारक अपने संबंधित अभिलेख साथ लेकर आएं।