
Bhopal- भोपाल के सुदामा नगर में रिटायर्ड दंपती हेमंत फिलेमोन बारीक और उनकी पत्नी शकुंतला बारीक की हत्या के मामले में चार दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं। हत्याकांड का कोई ठोस सुराग अभी नहीं लग सका है। हेमंत फिलेमोन बारीक और उनकी पत्नी शकुंतला बारीक की घर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। भोपाल पुलिस Bhopal police अब कई अन्य लोगों से पूछताछ कर रही है जिससे कुछ अहम सुराग मिलने की उम्मीद जताई है। हालांकि जांच अधिकारियों का मानना है कि दंपत्ति की हत्या की वजह संपत्ति हो सकती है। किसी करीबी ने ही ये काम करवाया है। वारदात को अंजाम देने के बाद शूटर के घर के पिछले दरवाजे से निकलने की बात भी कही जा रही है।
ऐशबाग की आंबेडकर कॉलोनी में दंपत्ति हेमंत और उनकी पत्नी शकुंतला के दो दिन पुराने शव पूरी तरह सड़ चुके थे। हेमंत का शव को बुरी तरह खराब हो चुका था। बताया जा रहा है कि शुगर के मरीज होने और रोज इंसुलिन लेने के कारण उनका शव जल्दी डिकंपोज हो गया था।
जांच अधिकारियों के अनुसार हेमंत और शकुंतला बारीक की हत्या में किसी करीबी का ही हाथ है। संपत्ति के लालच या विवाद में दोनों की हत्या की गई। हेमंत को सिर और गर्दन में यानि दो गोलियां मारीं गई थीं। पुलिस का यह भी कहना है कि किसी पेशेवर शूटर ने यह काम किया है। उसने ग्लव्स भी पहन रखे थे जिसके कारण कहीं फिंगरप्रिंट नहीं मिल सके हैं।
पुलिस और क्राइम ब्रांच की कई टीमें लगातार जांच में जुटी हैं। फिलहाल जांच कॉल डिटेल रिकॉर्ड , सीसीटीवी फुटेज और दंपती के करीबी लोगों से पूछताछ पर केंद्रित है। अब तक की जांच में पुलिस को कुछ ऐसे तथ्य मिले हैं जिनसे साफ हो रहा है कि संपत्ति के लिए ही ये हत्याएं की गई हैं। जांच में यह भी सामने आया कि वारदात के समय बाहर बारिश हो रही थी। इलाके में बिजली भी नहीं थी। शूटर्स ने अंधेरा होने का भी फायदा उठाया।
पुलिस को शुरुआती जांच में यह भी आशंका है कि वारदात को किसी ऐसे व्यक्ति ने अंजाम दिया, जिसे घर की बनावट और दंपती की दिनचर्या की पूरी जानकारी थी। घटनास्थल का निरीक्षण करने पर मकान का पिछला दरवाजा खुला मिला। यहीं से हमलावरों के भागने की आशंका है।