भोपाल

एमपी में संपत्ति कर और जल कर में सौ फीसदी छूट, वन टाइम सेटलमेंट पर बड़ा लाभ

Property Tax and Water Tax Surcharge- लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण के लिए प्रदेश में 9 मई को नेशनल लोक अदालत में संपत्ति एवं जल कर के सरचार्ज (अधिभार) में मिलेगी 100 प्रतिशत तक की छूट

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May 06, 2026
Exemption on Property Tax and Water Tax Surcharge in MP- फाइल फोटो पत्रिका

Property Tax and Water Tax Surcharge- मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा प्रदेश में 9 मई शनिवार को 'नेशनल लोक अदालत' का वृहद स्तर पर आयोजन किया जा रहा है। इसमें नागरिकों को विशेष सुविधा प्रदान करते हुए संपत्तिकर, जलकर एवं अन्य उपभोक्ता कर के लंबित प्रकरणों में देय अधिभार (सरचार्ज) पर 100 प्रतिशत तक की अभूतपूर्व छूट दी जा रही है। नागरिकों के हित और उन्हें आर्थिक संबल प्रदान करने के उद्देश्य से राज्य शासन द्वारा यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। नेशनल लोक अदालत में वित्तीय वर्ष 2025-26 तक की बकाया राशि पर यह विशेष छूट वन टाइम सेटलमेंट के रूप में देय होगी। नगरीय प्रशासन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि जन-कल्याण के लिए यह पहल की गई है। इससे करदाता नागरिकों और नगरीय निकायों, दोनों को लाभ होगा। करदाताओं को करों के सरचार्ज से मुक्ति मिलेगी जबकि नगरीय निकायों को एकमुश्त कर राशि मिल जाएगी।

योजना के प्रावधानों के अंतर्गत 50 हजार रुपए तक के संपत्तिकर और 10 हजार रुपए तक के जल कर की बकाया राशि वाले प्रकरणों में सरचार्ज पूर्णतः माफ किया जाएगा। इससे अधिक की बकाया राशि होने पर निर्धारित स्लैब के अनुरूप सरचार्ज में 25 से 75 प्रतिशत तक की रियायत का प्रावधान किया गया है।

इतना ही नहीं, इस योजना का लाभ प्राप्त करने वाले नागरिकों को छूट के उपरांत शेष राशि अधिकतम दो आसान किश्तों में जमा करने की सुविधाजनक व्यवस्था प्रदान की गई है। इसके अंतर्गत कम से कम 50 प्रतिशत राशि लोक अदालत के दिन ही जमा करना अनिवार्य होगा। राज्य शासन ने प्रदेश के सभी करदाताओं से इस नेशनल लोक अदालत में अधिक से अधिक संख्या में सहभागिता कर अपने लंबित प्रकरणों का निराकरण करवाने और सरकार द्वारा दी जा रही विशेष छूट का अधिकतम लाभ उठाने की अपील की है।

इस जन-कल्याणकारी पहल से नागरिकों को न केवल करों के भारी बोझ से मुक्ति प्राप्त होगी बल्कि नगरीय निकायों को एकमुश्त राजस्व भी मिल सकेगा

नगरीय निकायों के लंबित प्रकरणों का लोक अदालत के माध्यम से त्वरित एवं सुलभ निराकरण किया जाएगा जिससे आमजनों को व्यापक राहत मिलेगी। शासन की इस जन-कल्याणकारी पहल से नागरिकों को न केवल करों के भारी बोझ से मुक्ति प्राप्त होगी बल्कि इसके फलस्वरूप नगरीय निकायों को भी एकमुश्त राजस्व भी मिल सकेगा।

Updated on:
06 May 2026 03:06 pm
Published on:
06 May 2026 03:05 pm
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