15 अगस्त, देशभक्ति और राष्ट्रीय खेल का तड़का...
भोपाल।अक्षय कुमार स्टारर फिल्म गोल्ड 15 अगस्त को रिलीज होने जा रही है। 15 अगस्त को रिलीज होने वाली यह अक्षय कुमार की लगातार तीसरी फिल्म है। इससे पहले रूस्तम और टॉयलेट एक प्रेम कथा रिलीज हुई थी दोनों ही फिल्मों को दर्शकों ने खूब पसंद किया था।
वहीं इस बार गोल्ड देशभक्ति gold movie music के जज्बे से भरी उस वक्त की कहानी है जब आजाद भारत ने पहली बार हॉकी में गोल्ड जीता था।
ऐसे में यह फिल्म हॉकी की नर्सरी के नाम से प्रसिद्ध मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के दिल के काफी नजदीक है। ऐसे में इस फिल्म के रिलीज का बेसब्री से यहां इंतजार किया जा रहा है।
जिसके चलते भोपाल के लोगों ने विभिन्न साइटों पर अभी से इस फिल्म को खोजना शुरू कर दिया है। वहीं गोल्ड के गीतों gold movie gane को भी भोपाल में काफी पसंद किया जा रहा है। ऐसे में यहां के लोग लगातार विभिन्न साइट्स से इसके गानों को डाउनलोड कर रहे हैं।
इसके अलावा भोपाल के लोगों में हॉकी को लेकर जो दीवानापन है, वह भी इस फिल्म के हॉकी पर ही आधारित होने के चलते इस फिल्म के प्रति चरम पर है।
अभी कुछ समय पहले ही फिल्म ‘गोल्ड' का म्यूजिक लॉन्च हुआ है। ऐसे में जहां लोगों में हॉकी का खुमार फिर से चढ़ने लगा है। वहीं कुछ लोग अक्षय कुमार के प्रति अपनी दीवानगी Gold movie songs के चलते भी इस फिल्म को लेकर क्रेजी बने हुए हैं।
इस फिल्म का ट्रेलर होने के बाद से इस फिल्म का नया गाना सामने आया है। इस गाने को पॉपुलर सिंगर दलेर मेहंदी ने आवाज दी है। वहीं जावेद अख्तर ने इसे लिखा है और सचिन-जिगर ने कम्पोज किया है।
रीमा कागती के निर्देशन में बनी इस फिल्म से टीवी एक्ट्रेस मौनी रॉय बॉलीवुड में डेब्यू करने वाली हैं। फिल्म में अक्षय एक हॉकी प्लेयर तपन दास Download Gold Movie gane की भूमिका में हैं। और वह ओलंपिक्स में आज़ाद भारत को गोल्ड दिलाना चाहते हैं।
गोल्ड में ये है खास...
देशभक्ति का जोड़: जानकारों का कहना है कि अक्षय कुमार और देशभक्ति..... यानि की फिल्म हिट Download Gold Movie songs। बेबी, एयरलिफ्ट, रुस्तम, हॉलीडे.. यह लिस्ट बहुत ही लंबी है। जाहिर है अक्षय कुमार को फैंस देशभक्त अंदाज में काफी पसंद करते हैं।
15 अगस्त खास: रूस्तम.. टॉयलेट एक प्रेम कथा जैसी सुपरहिट फिल्मों के बाद.. 2018 में 15 अगस्त पर इस बार देशभक्ति से जुड़ी फिल्म वो भी राष्ट्रीय खेल पर।
वहीं सामने आ रही जानकारी के अनुसार यह फिल्म 1948 के समय की कहानी दिखाएगी.. जब आज़ाद भारत ने लंदन ओलंपिक्स में पहली बार गोल्ड मेडल जीता था। इस फिल्म को बॉयोपिक माना जा रहा था, लेकिन यह पूरी तरह काल्पनिक है। फिल्म के निर्माता रितेश सिधवानी का कहना है कि यह पूरी तरह से काल्पनिक कहानी है, जिसमें 1933-48 के भारत को दर्शाया गया है।