MP News: मध्य प्रदेश में एक बार फिर से लाड़ली बहनों को लेकर प्रदेश में सियासत गरमाई हुई है। विधायसभा सत्र के दौरान कांग्रेस विधायकों ने वॉकआउट कर दिया।
MP News: मध्यप्रदेश विधानसभा के बजट सत्र का आज छठवां दिन है। कार्यवाही शुरू होने से पहले कांग्रेस विधायकों ने सदन में भारत-यूएस ट्रेड एग्रीमेंट के विरोध में जमकर हंगामा किया। इसके अलावा विपक्षी दल ने सदन में लाड़ली बहना योजना (Ladli Behna Yojana) के नए रजिस्ट्रेशन और तीन हजार रूपये प्रति माह देने का मुद्दा उठाया।
तराना से कांग्रेस विधायक महेश परमार ने लाड़ली बहना योजना में लाभ नहीं दिए जाने और मंत्री करण सिंह वर्मा के द्वारा राजगढ़ में बहनों को धमकाने का मामला उठाया। उन्होंने इस दौरान कहा कि लाड़ली बहनों ने सरकार बनाने में भाजपा की मदद की। अब उन्हीं को धमकाया जा रहा है। साथ ही उन्होंने पूछा कि लाड़ली बहनों को 3 हजार रूपये कब दिए जाएंगे।
इसका जवाब देते हुए महिला और बाल विकास विभाग की मंत्री निर्मला भूरिया ने कहा कि हमारी सरकार बहनों को सशक्त बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। हमने मार्च 2023 से योजना की शुरूआत की और जून 2023 से महिलाओं के खाते में पैसा डालने का काम शुरू किया। सरकार योजना का बहुत अच्छे से क्रियान्वयन किया है और जो भी राज्य सरकार देने का निर्णय लिया है, वह तय समय में क्रियान्वयन किया है। जो भी राज्य सरकार देने का निर्णय लिया है। वह तय समय पर दी जा रही है। महिलाओं को 3 हजार रूपये देने के लिए सरकार काम कर रही है। किसी को भी परेशान होने की जरूरत नहीं है, क्योंकि विपक्ष से ज्यादा सरकार को लाड़ली बहनों की चिंता है।
इसके बाद महेश परमार ने कहा कि योजना में पात्र और नई बहनों का रजिस्ट्रेशन कब से शुरू होगा। सरकार इसकी जानकारी नहीं दे रही है। इस पर भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा कि मंत्री तो सही जवाब देते हैं, पर जीतू पटवारी बहनों को क्या कहते हैं, पहले यह जानकारी तो ले लो।
महिला बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने कहा कि 60 साल की उम्र पूरी करने वाली महिलाओं को पात्रता के आधार पर दूसरी योजनाओं का लाभ मिलता है। नए रजिस्ट्रेशन की समय सीमा नहीं बताई जा सकती है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि नए रजिस्ट्रेशन की सीमा बताई जाए। इस पर मंत्री ने फिर कहा कि नए रजिस्ट्रेशन की समय सीमा बताया जाना संभव नहीं है।
सीएम डॉ मोहन यादव ने कहा कि मंत्री ने सही जवाब दिया है। कांग्रेस के लोग कहते थे कि यह योजना सिर्फ चुनाव तक है, जबकि असलियत यह है कि 2.5 साल के बाद भी योजना जारी है। हमने घोषणा पत्र में कहा है कि 5 साल के अंदर 3 हजार देंगे तो हम उसका पालन भी करेंगे।
इस पर उमंग सिंघार ने पूछा कि नए रजिस्ट्रेशन कब से शुरू होंगे। इस पर सीएम ने कहा कि धीरे-धीरे सब होगा। इसके बाद उमंग सिंघार ने कहा कि सरकार जवाब नहीं देना चाहती, इसलिए कांग्रेस विधायक वॉकआउट करते हैं। इसके बाद सदन में नारेबाजी हुई और कांग्रेस विधायक सदन से बाहर निकल आए।