- शाम तक हुईं २९३ रजिस्ट्री, गुरुवार की रि-शिड्यूल हुई ५० रजिस्ट्री भी हुई
आज भी शुरू के दो घंटे स्लो रहा सर्वर, इसके बाद बढ़ी रफ्तार
- शाम तक हुईं २९३ रजिस्ट्री, गुरुवार की रि-शिड्यूल हुई ५० रजिस्ट्री भी हुई
भोपाल। संपदा के सॉफ्टवेयर में गुरुवार से आई परेशानी का असर शुक्रवार सुबह १२ बजे तक देखने को मिला। पंजीयन कार्यालयों में १२ बजे तक सॉफ्टवेयर काफी स्लो रहा। इसके बाद सर्वर ने रफ्तार पकड़ी। गुरुवार को रि-शिड्यूल हुईं ५० रजिस्ट्री भी शुक्रवार को हुईं। शाम तक २९३ रजिस्ट्री भोपाल में हुई हैं। दरअसल पिछले कुछ समय से आईएसबीटी और परी बाजार स्थित दफ्तरों में सब रजिस्ट्रारों की संख्या भी कम हो गई है। इस कारण एक-एक सब रजिस्ट्रार पर कई वार्डों का लोड आ गया है। ऊपर से सर्वर स्लो हो तो हालत ही खराब हो जाती है। दस मिनट में होने वाली रजिस्ट्री में दो-दो घंटे का समय लग जाता है। १ अप्रैल से नई कलेक्टर गाइडलाइन सामने आने से पहले मार्च माह में रजिस्ट्रियों की संख्या बढ़ जाती है। हर साल यही प्रक्रिया अपनाई जाती है। एेसे में रजिस्ट्रियों की संख्या बढ़ जाती है। अगर सर्वर जरा सा स्लो होता है तो काम दो गुना बढ़ जाता है। दो साल पहले सर्वर स्लो होने से ३१ मार्च की रात को ही करीब ४०० रजिस्ट्री रि-शिड्यूल हुईं थीं।