भोपाल

सांस रोककर आवाजाही की मजबूरी

भोपाल/बावडिय़ा कलां. नगर निगम द्वारा चलाई जाने वाली स्वच्छता मुहिम महज कुछ खास रहवासी क्षेत्रों तक ही सिमटकर रह गई है। राजधानी के अन्य रहवासी क्षेत्रों की तरह ही बावडिय़ा कलां के रहवासी इन दिनों नगर निगम की अनदेखी का खामियाजा भुगत रहे हैं। मुख्य मार्ग से सटे घरों के बाहर सीवेज का गंदा पानी जमा हो रहा है, इससे रहवासी तो परेशान है हीं साथ ही राहगीरों को सांस रोककर यहां से आवाजाही करना पड़ती है। रहवासियों द्वारा इसकी शिकायत कई बार नगर निगम अधिकारियों से की है, पर कोई सुनवाई नहीं की गई। वार्ड ५२ के अंतर्गत आने वाले बावडिय़ा कलां में निजी बिल्डर्स द्वार आवासीय कॉलोनी विकसित की जा रही हैं। यहां बनाई गई नालियां महीनों से चोक हैं, जिसके कारण सीवेज का गंदा पानी मुख्य मार्ग पर जमा हो रहा है। शिकायत पर नहीं होती सुनवाईस्थानीय रहवासियों का आरोप है कि गंदगी और सड़क पर बह रहे सीवेज के गंदे पानी की शिकायत नगर निगम में कई बार की गई है, पर कोई सुनवाई नहीं की गई। खाली प्लॉट्स को कचराघर में तब्दील कर दिया गया है। रहवासियों का कहना है कि स्थानीय पार्षद से ये समस्या छिपी नहीं है, उनके घर से महज 300 मीटर की दूरी पर ही सीवेज का पानी जमा हो रहा है। इसके बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो सका है।
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Jun 16, 2018
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सांस रोककर आवाजाही की मजबूरी

भोपाल/बावडिय़ा कलां. नगर निगम द्वारा चलाई जाने वाली स्वच्छता मुहिम महज कुछ खास रहवासी क्षेत्रों तक ही सिमटकर रह गई है। राजधानी के अन्य रहवासी क्षेत्रों की तरह ही बावडिय़ा कलां के रहवासी इन दिनों नगर निगम की अनदेखी का खामियाजा भुगत रहे हैं। मुख्य मार्ग से सटे घरों के बाहर सीवेज का गंदा पानी जमा हो रहा है, इससे रहवासी तो परेशान है हीं साथ ही राहगीरों को सांस रोककर यहां से आवाजाही करना पड़ती है। रहवासियों द्वारा इसकी शिकायत कई बार नगर निगम अधिकारियों से की है, पर कोई सुनवाई नहीं की गई। वार्ड ५२ के अंतर्गत आने वाले बावडिय़ा कलां में निजी बिल्डर्स द्वार आवासीय कॉलोनी विकसित की जा रही हैं। यहां बनाई गई नालियां महीनों से चोक हैं, जिसके कारण सीवेज का गंदा पानी मुख्य मार्ग पर जमा हो रहा है।


शिकायत पर नहीं होती सुनवाई
स्थानीय रहवासियों का आरोप है कि गंदगी और सड़क पर बह रहे सीवेज के गंदे पानी की शिकायत नगर निगम में कई बार की गई है, पर कोई सुनवाई नहीं की गई। खाली प्लॉट्स को कचराघर में तब्दील कर दिया गया है। रहवासियों का कहना है कि स्थानीय पार्षद से ये समस्या छिपी नहीं है, उनके घर से महज 300 मीटर की दूरी पर ही सीवेज का पानी जमा हो रहा है। इसके बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो सका है।

बीमारियां फैलने की आशंका
रहवासी क्षेत्र में फैली गंदगी और सड़क पर बह रहे सीवेज के गंदे पानी के कारण बीमारियां फैलने की आशंका बनी रहती है। रहवासियों के मुताबिक मच्छरों का प्रकोप लगातार बढ़ रहा है, वहीं मानसून में यहां समस्या कई गुना बढ़ जाएगी। रहवासियों का कहना है कि नगर निगम एचओ को कई बार समस्या से अवगत कराया गया है, पर हर बार आश्वासन देकर उन्हें रवाना कर दिया जाता है।

क्षेत्र में नाले नालियों की सफाई करवाई गई है। नालों के निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया है, मंजूरी मिलते ही निर्माण शुरू किया जाएगा। नाले को कवर्ड किया जाएगा।
रामबाबू पाटीदार, पार्षद वार्ड- 52

Published on:
16 Jun 2018 10:57 am