प्रदेश में फिर पैर जमा रहे नक्सली, बड़ी वारदात को अंजाम देने की है प्लानिंग
बालाघाटः पिछले कुछ महीनों से मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र पुलिस की कॉबिंग सर्चिंग से नक्सली बोखलाहट में हैं। इसके लिए वह देश के चार राज्यों के इर्द गिर्द भागकर अपने लिए एक सुरक्षित इलाके को ढूंड रहे हैं। हालांकि, इस भागमभाग के दौरान ही नक्सलियों ने सक्रीयता दिखाते हुए आंध्रा से आई नक्सलियों की नई खेप से सेंट्रल कमेटी ने प्लाटून-56 को एक बार फिर तैयार कर लिया है। इसी के साथ इस बाती भी सूत्रीय जानकारी सामने आई है कि, नक्सली मध्य प्रदेश में किसी बड़ी घटना को अंजाम देने की फिराक में है, जिसके चलते वह पुलिस को चकमा दे रहे हैं।
पुलिस मुस्तैद नहीं हुई तो फिर बिगड़ेंगे हालात
इसी प्लानिंग के साथ नक्सली बालाघाट के सरहदी इलाके से होते हुए मंडला-डिंडौरी के जंगलों को अपना ठिकाना बना चुके हैं। इसमें यह बात भी है कि, अगर उनपर प्रशासन और पुलिस सख्त रवय्या नहीं अपनाती तो एमपी के मंडला-डिंडौरी से सिंगरौली-सीधी के रास्ते नक्सली गतिविधियों के लिए एक बार फिर संवेदनशील हो जाएंगे। सेंट्रल कमेटी ने बालाघाट और सिंगरौली जिलों में अपनी नज़र मुस्तैद की है, क्योंकि इन इलाकों में नक्सली गतिविधियां दिखने लगी हैं, माना जा रहा है कि वह यहां अपना ठिकाना बनाने की फिराक में हैं।
पुलिस के नेटवर्क से तेज़ नक्सली
इतना ही नहीं अब नक्सली नया ठिकाना तलाश रहे हैं। जिसके लिए सेंट्रल कमेटी ने नई प्लाटून के लिए नए इलाके पर फोकस किया है। नेटवर्क बढ़ाने के लिए एक तरफ जहां बार्डर एरिया में पुलिस आऊट सोर्स बढ़ा रही है। वहीं दूसरी तरफ कवर्धा के रास्ते नक्सली बालाघाट से गुजरकर मंडला-डिंडौरी के जंगलों में सुरक्षित स्थान तलाश अपनी ताकत मध्य प्रदेश के अन्य जिलों में भी बढ़ा रहे हैं।
फिर दिखी पुराने इलाकों में सक्रीयता
हालांकि, नक्सलियों ने साल 2012 में हुई पचामा-दादर में पुलिस-नक्सली मुठभेड़ के बाद से मंडला-डिंडौरी के तो क्या आस पास के इलाके भी छोड़ दिए थे। लेकिन, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र पुलिस द्वारा राज्य के सरहदी इलाकों और जंगलों में बढ़ी सर्चिंग के बाद एक बार नक्सली इन इलाकों में सक्रीय होने लगे हैं। ऑपरेशन से जुड़े एक सूत्र के मुताबिक, जिन रास्तों पर पुलिस ने नक्सलियों को ढूंडना बंद कर दिया था, आज उन्ही रास्तों पर एक बार फिर नक्सलियों की चहल-कदमी देखी जा रही है। छत्तीसढ़-महाराष्ट्र के सीमावर्ती इलाकों से मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले में अपनी ताकत बढ़ा रहे नक्सली अपने लिए नए रास्ते बना रहे हैं।