बीकानेर

छात्रसंघ चुनाव आज, अंतिम दिन प्रत्याशियों ने प्रचार में झोंकी पूरी ताकत

bikaner news- छात्रसंघ चुनाव मंगलवार को पूरे जिले में एक साथ संपन्न होंगे। शहर के विभिन्न कॉलेजों व विश्वविद्यालय में इसको लेकर तैयारियां पूर्ण कर ली गई है।
2 min read
Aug 27, 2019
Student union election 2019
छात्रसंघ चुनाव आज, अंतिम दिन प्रत्याशियों ने प्रचार में झोंकी पूरी ताकत

बीकानेर. छात्रसंघ चुनाव मंगलवार को पूरे जिले में एक साथ संपन्न होंगे। शहर के विभिन्न कॉलेजों व विश्वविद्यालय में इसको लेकर तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। सुबह 8 से एक बजे तक होने वाले मतदान में प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला छात्र तय करेंगे। इसके बाद अगले दिन बुधवार को मतगणना होगी। सोमवार को प्रचार प्रसार थमने के बाद कुछ प्रत्याशी व कार्यकर्ता कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में ही विद्यार्थियों से हाथ जोड़कर वोट मांगते रहे।

प्रचार प्रसार के अंतिम दिन को देखते हुए सभी प्रत्याशियों ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी। प्रत्याशी व कार्यकर्ता अलसुबह ही गांवों व शहर की विभिन्न गलियों में जनसंपर्क करते हुए अपने प्रत्याशी को जिताने के लिए वोट मांगते हुए दिखाई दिए। वहीं शाम को विद्यार्थियों की बाडेबंदी की गई। छात्रसंघ के चुनाव के लिए जिला प्रशासन एवं कॉलेज प्रशासन की ओर से तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी है। इसके लिए पूरी मतदान प्रक्रिया के लिए जगह-जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए है। छात्रसंघ चुनाव को लेकर कॉलेजों में बूथ तैयार कर चुनावी दल बनाए गए है। जिसमें मतदान के लिए ड्यूटी लगा दी गई है।

कार्यालयों में लजीज पकवान, सांस्कृतिक कार्यक्रम

बाड़ेबंदी के दौरान प्रत्याशी अपने मतदाताओं के मनोरंजन के लिए देररात तक कई तरह के कार्यक्रम आयोजित किए है। इनमें कुछ प्रत्याशियों की ओर से सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। गांवों में रहने वाले विद्यार्थियों के लिए होटलों में रहने तथा खाने की व्यवस्था की गई। बीकानेर जिले के सभी मतदाताओं को प्रत्याशी व उनके कार्यकर्ताओं ने एक निश्चित जगह पर बाडेबंदी की। मतदाताओं को रिझाने व अपने तरफ करवाने के लिए प्रत्याशी अपने मतदाताओं को भोजन करवा रहे है। यह भोजन कहीं ओर नहीं बल्कि छात्रसंघ प्रत्याशियों के कार्यालयों में उनको हर तरह का खान-पान करवाया जा रहा है। जहां विद्यार्थियों के समूह सुबह-शाम लजीज पकवान बनाकर खिलाए जा रहे है।

देररात तक चलता रहा समर्थन का दौर

कॉलेजों व विश्वविद्यालय में अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, महासचिव, संयुक्त सचिव के लिए दावेदार प्रत्याशी को विपक्षी पार्टी के लोगों को देररात तक समर्थन का दौर चलता रहा। कुछ कार्यकर्ता दूसरे प्रत्याशी को समर्थन देने के लिए जोड़-तोड़ की राजनीति चलती रही। कुछ प्रत्याशी ने दूसरे प्रत्याशी को आंतरिक समर्थन दे रहे है।

Published on:
27 Aug 2019 05:55 am