बीकानेर

वेटरनरी विश्वविद्यालय में ध्वजारोहण और सलामी: 107 विद्यार्थी पुरस्कृत

70वें गणतंत्र पर वेटरनरी विश्वविद्यालय में कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा ने राजुवास के दीवाने-ए-आम में ध्वजारोहण कर सलामी दी।
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वेटरनरी विश्वविद्यालय में ध्वजारोहण और सलामी: 107 विद्यार्थी पुरस्कृत

बीकानेर. 70वें गणतंत्र पर वेटरनरी विश्वविद्यालय में कुलपति प्रो. विष्णु शर्मा ने राजुवास के दीवाने-ए-आम में ध्वजारोहण कर सलामी दी। समारोह में छात्र-छात्राओं की ओर से देशभक्ति से ओत-प्रोत संगीत और नृत्य के मनभावन कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। कुलपति प्रो. शर्मा ने इस अवसर पर कॉलेज की सभी परीक्षाओं की मेरिट में अव्वल, जूनियर, सीनियर रिसर्च फैलो प्राप्त करने वाले, एनसीसी में पदक विजेता कैडेट्स, विभिन्न संस्थानों में चयनित मेघावी छात्र-छात्राओं एग्रीयूनिफेस्ट स्र्पोर्टस मीट 2018-19 में भाग लेने वाले 107 विद्यार्थियों को पारितोषिक प्रदान कर सम्मानित किया।

कुलपति प्रो. शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालय ने अपनी स्थापना के 8 वर्ष में राज्य के 22 जिलों में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई है। अनुसंधान और प्रसार शिक्षा के प्रशासनिक सुद्दढ़ीकरण के लिए अनेकों कदम उठाए गए हैं। पशुधन अनुसंधान केन्द्रों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बीछवाल में पशु आहार उत्पादन और अन्य केन्द्रों पर जैविक उत्पाद के प्रयास शुरू किए हैं।विश्वविद्यालय पशुपालकों को उन्नत नस्ल के बछड़ों-बछडिय़ां उपलब्ध करवाने के लिए प्रयत्नशील हैं। राष्ट्रीय कृषि उच्च शिक्षा परियोजना में 30 करोड़ रुपए राशि के प्रस्ताव भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद् को भिजवाए गए हैं। इससे राजुवास में अनुसंधान में नवाचार और प्रशासनिक सुद्दढ़ीकरण कार्य हो सकेगा।


विश्वविद्यालय को इस वर्ष भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद् से 65 लाख रुपए का विशेष अनुदान मिला है। जिससे परीक्षा कक्ष भवन निर्माण किया जा सकेगा। पशुचिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान जयपुर के लिए राज्य सरकार से 1 करोड़ रुपए की स्वीकृत हुई है। इससे वहां छात्र-छात्राओं के छात्रावास का निर्माण करवाया जाएगा। राजुवास में व्याख्यान कक्षों की स्मार्ट क्लास रूम में तब्दील किया गया है।


कुलपति प्रो. शर्मा ने बताया कि प्रसार शिक्षा के तहत गत वर्ष के 11 माह की अवधि में ग्रामीण क्षेत्रों में 1046 वैज्ञानिक पशुपालक शिविरों का आयोजन कर 32 हजार 677 पशुपालक व कृषकों और टोल-फ्री हैल्प लाइन के माध्यम से 75 हजार से भी अधिक कॉल्स द्वारा किसानों, पशुपालकों, छात्र-छात्राओं और अन्य लोगों को लाभान्वित किया गया।
देश के एक ख्यातनाम विश्वविद्यालय के महत्वपूर्ण अंग के रूप में पूरी जिम्मेदारी और मेहनत से हमें अपने कार्यों को अंजाम देकर समाज और देश के विकास में अपना योगदान करना है। समारोह में डीन-डायरेक्टर, अधिकारीगण, कर्मचारी, छात्र-छात्राएं एवं परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

Published on:
26 Jan 2019 01:10 pm