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15 हजार कमाने वाले को 60 के बाद चाहिए 8,000 पेंशन तो मोदी सरकार कर रही मदद

Atal Pension Yojana (APY) और Pradhan Mantri Shram Yogi Mandhan (PM-SYM) को एकसाथ सबस्क्राइब कर सकते हैं।

2 min read
Aug 07, 2025

15 हजार रुपये महीना कमाने वाला कोई व्यक्ति अगर 60 साल की उम्र के बाद हर महीने 8,000 रुपये की पेंशन पाना चाहता है तो उसे सिर्फ नरेंद्र मोदी सरकार की सस्ती पेंशन योजना बड़ा फायदा दे सकती है। आप अगर दो सरकारी पेंशन योजनाओं- Atal Pension Yojana (APY) और Pradhan Mantri Shram Yogi Mandhan (PM-SYM) को एकसाथ सबस्क्राइब कर लेते हैं तो 8000 रुपये महीने पेंशन का लक्ष्य काफी हद तक संभव हो सकता है।

30 साल की उम्र में APY में शामिल होना सबसे मुफीद

उदाहरण के तौर पर, अगर कोई व्यक्ति 30 साल की उम्र में APY में शामिल होता है और 5,000 रुपये मासिक पेंशन के लिए हर महीने 577 रुपये का योगदान करता है तो 60 साल की उम्र तक उसका कुल निवेश लगभग 2.07 लाख रुपये होगा। इसके बदले में उसे 60 साल की उम्र से आजीवन 5,000 रुपये प्रति माह की गारंटीड पेंशन मिलेगी। यह योजना खासकर उन लोगों के लिए है, जो बैंक खाता रखते हैं और लंबे समय तक नियमित बचत कर सकते हैं।

PM-SYM में भी नामांकन करना कराएगा मकसद पूरा

अब अगर यही व्यक्ति PM-SYM में भी नामांकन करता है, जोकि असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों (जैसे दिहाड़ी मजदूर, घरेलू कामगार, रिक्शा चालक आदि) के लिए है और वहां 3,000 रुपये की फिक्स पेंशन हेतु हर महीने 55-200 रुपये के बीच योगदान करता है तो वहां से उसे 60 साल के बाद 3,000 प्रति माह की अतिरिक्त पेंशन मिलेगी। इस योजना में सरकार भी उतना ही योगदान देती है जितना आप करते हैं, जिससे यह और भी फायदेमंद हो जाती है।

दोनों योजनाएं एकसाथ सबस्क्राइब कराने पर होगा फायदा

दोनों योजनाओं को एक साथ लेकर एक व्यक्ति 60 साल की उम्र के बाद 5,000 रुपयये (APY) + 3,000 रुपये (PM-SYM) = 8,000 रुपये प्रति माह की पेंशन अर्जित कर सकता है। यह एक सुरक्षित, सरकारी गारंटी वाली मासिक आमदनी होगी, जो बुढ़ापे में आत्मनिर्भरता और सम्मानजनक जीवन सुनिश्चित करती है।

योग्यता जानकर ही करें निवेश

हालांकि, इन दोनों योजनाओं के लिए अलग-अलग पात्रता मानदंड हैं। जैसे PM-SYM में आय सीमा और कार्य क्षेत्र की शर्तें होती हैं, जबकि APY में बैंक खाता जरूरी होता है। इसलिए नामांकन से पहले इन शर्तों को अच्छी तरह समझना जरूरी है।

Published on:
07 Aug 2025 03:37 pm
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