
सिकंदरा. एसबीसी अभ्यर्थियों की नियुक्ति की मांग को लेकर गुर्जर समाज के लोग बुधवार को सिकंदरा धरना स्थल से दौसा कलक्टे्रट घेराव के लिए पैदल कूच करेंगे। इसकी तैयारियों को लेकर समाज के लोगों ने मंगलवार को धरना स्थल पर चर्चा की। आसपास के गांवों में सम्पर्क कर कूच में भीड़ जुटाने की तैयारी की।
धरने पर बैठे अभ्यर्थियों को कूच में शामिल नहीं करने का निर्णय किया। अभ्यर्थी धरना स्थल पर अनशन जारी रखेंगे। गुर्जर महासभा के जिलाध्यक्ष रामचंद्र खूंटला ने बताया कि सुबह नौ बजे सिकंदरा धरना स्थल से हजारों की संख्या में लोग दौसा कलक्टे्रट के लिए पैदल कूच करेंगे।
इधर, मंगलवार शाम धरना स्थल पर कर्नल किरोड़ीसिंह बैंसला का संदेश मिलने के बाद डेढ़ दर्जन गुर्जर समाज के पदाधिकारी सब कमेटी से वार्ता करने के लिए सिकंदरा से जयपुर रवाना हो गए।
राजस्थान गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति प्रदेश प्रवक्ता हिम्मतङ्क्षसह पाड़ली ने बताया कि गुर्जर समाज के अभ्यर्थी अहिंसात्मक तरीके से पिछले 36 दिन से सिकंदरा में अनशन कर रहे हैं। इसके बाद भी सरकार नहीं सुन रही है। पहले के अभ्यर्थियों को नियुक्ति नहीं दे रहे, उल्टे अब आरपीएससी की परीक्षाएं आयोजित कराने जा रही है।
इन भर्तियों में एसबीसी अभ्यर्थियों को सामान्य श्रेणी में रखा गया है। इससे समाज के अभ्यर्थियों को नुकसाना हुआ है। सरकार आगामी दिनों में होने वाली भर्ती परीक्षाओं को रोके तथा भर्तियों में नियुक्तियां देने की घोषणा करें। अन्यथा समाज अब बड़ा कदम उठाने को मजबूर होगा।
सरकार ने सही समय पर निर्णय नहीं लिया तो राजस्थान की कानून व्यवस्था बिगड़ सकती है। धरना स्थल पर समाज के लोगों ने कूच में अधिक संख्या में लोगों को जुटाने पर चर्चा की। अभ्यर्थी देवराज चाड, गिर्राज टोंक, मानङ्क्षसह बुर्जा आमरण अनशन पर रहे।
बैंसला के बुलावे पर गए
शाम को सिकंदरा धरना स्थल पर कर्नल किरोड़ीसिंह बैंसला ने दूरभाष पर सब कमेटी के साथ वार्ता का संदेश दिया। इस पर राजस्थान गुर्जर महासभा के प्रदेशाध्यक्ष मनफूल तूंगड़, हिम्मत पाडली, जलसिंह कसाना, रामसिंह गावडी, विजय मोराडी, सुमेर बासड़ा, रामजीवण नागौर, जिलाध्यक्ष रामचंद्र खूंटला, युवा गुर्जर महासभा के कार्यकारी प्रदेशाध्यक्ष मान बुर्जा, भंवरसिंह एडवोकेट महुवा, पूरणसिंह पीपलखेड़ा, रामप्रसाद पटेलवाला, श्रवण सूबेदार, प्रकाश राजा, टीकम पावटा जयपुर रवाना हुए। हिम्मत ने बताया कि सब कमेटी में मंत्री अरुण चतुर्वेदी, हेमसिंह भड़ाना व राजेन्द्रङ्क्षसह राठौड़ से वार्ता के लिए बुलावा मिला है।