-देवास की एक व उज्जैन की तीन चेन स्नेचिंग की वारदात कबूली, पहले से दर्ज हैं कई केस
देवास. पिछले दिनों शहर के मोती बंगला क्षेत्र में महिला के साथ हुई चेन स्नेचिंग की वारदात का खुलासा करने के लिए पुलिस ने दो-चार, 10-20, 50-100 नहीं 525 से अधिक जगहों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। जांच में लगा लेकिन वारदात का खुलासा करने में सफलता मिल गई। पुलिस के हाथ इंदौर, ग्वालियर के ऐसे बदमाश चढ़े जो आदतन अपराधी हैं, ये पूर्व में भी कई शहरों में लूट की वारदाते कर चुके हैं। आरोपियों की निशानदेही पर लूट की सोने की चार चेन बरामद की गई है, इनमें से एक वारदात की चेन देवास की है जबकि तीन उज्जैन की हंैं। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।
मंगलवार शाम को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देवास जयवीरसिंह भदौरिया, सीएसपी देवास दीशेष अग्रवाल ने बताया आरोपियों के नाम शशांक सक्सेना पिता उपेंद्र उर्फ उपदेश सक्सेना निवासी बीएस क्लासिक स्वास्तिक सिटी मंगलनगर इंदौर, राजू पाल पिता बालमुकुंद पाल निवासी आरबीआई 3 रेलवे क्रॉसिंग के पास गांधीनगर थाना पड़ाव जिला ग्वालियर हैं। ये दोनों सुनसान इलाकों में बाइक से आते थे और अकेली महिलाओं को देखकर चेन स्नेचिंग की वारदात करके रफूचक्कर हो जाते थे। आरोपियों का सुराग वारदात में प्रयुक्त बाइक से लगा था, इसके बाद होटलों, दुकानों, ढाबों, टोल नाकों के 525 से अधिक सीसीटीवी फुटेज देखे गए, इसके बाद आरोपियों को दबोचा गया। इनसे पूछताछ की जा रही है। आरोपी शशांक के खिलाफ पहले से करीब 7 प्रकरण जबकि राजू पाल के खिलाफ चार प्रकरण पहले से दर्ज हैं। इन दोनों ने सबसे अधिक वारदातें भोपाल में की हैं। कार्रवाई में कोतवाली टीआई दीपक सिंह यादव की विशेष भूमिका रही।