कांग्रेंस ने सौंपा ज्ञापन, रेत कारोबारियों पर कार्रवाई की मांग
डिंडोरी. जिले की दीवारी -2 रेत खदान में खनन माफिया का एक क्षत्र राज है। जिसे जिला प्रशासन ने भी पूरी तरह से अभयदान दे रखा है। जिसके द्वारा न केवल मशीन लगाकर नदी का सीना छलनी किया जा रहा है बल्कि मजदूरों का रोजगार छीनने का भी काम किया जा रहा है। इसके बाद भी प्रशासन रेत कारोबारी पर पूरी तरह से रहमत बरसा रहा है। एक तरफ राज्य सरकार कोरोना काल मे मजदूरों को रोजगार के पर्याप्त अवसर उपलब्ध कराने की बात कर रही है तो दूसरी ओर प्रशासनिक नुमाइंदो के सह पर उनसे रोजगार के अवसर छीनने का काम किया जा रहा है। लगातार जन प्रतिनिधियों के विरोध व कार्रवाई की उठ रही मांग के चलते सोमवार को खनिज व पुलिस का अमला मौके पर पहुंचा। इससे पहले ही खनन कारोबारी को इसकी भनक लग गई। जब तक अमला मौके पर पहुंचता मशीन को गायब करा दिया गया। जैसे ही जाँच दल ने वापसी की ठीक वैसे ही मशीनें खदान में पुन: उतार दी गईं। उल्लेखनीय है कि दबिश से पहले ही ठेकेदार के गुर्गों को इसकी भनक लग जाती है और वह खेल कर जाते हैं। फिर देर रात मशीनों से अवैध खनन कर रेत निकाली जाती है।
देर रात दौड़ रहे डंपर
बताया जा रहा है कि विगत् दो दिनों पूर्व 14 एवं 15 जून को रेत से भरे डंपर रात के अंधेरे में बगैर रॉयल्टी दौड रहे थे। जिन पर किसी भी तरह की कार्यवाही नहीं की जा रही। सोमवार के बाद भी रात दस बजे जाँच दल के वापस लौटते ही रेत से भरे डंपर मुख्यालय में देखे गये। इससे पहले दो डंपरों पर कार्यवाही भी यह साबित करने के लिये काफी है कि जिले में रेत का अवैध कारोबार जमकर फल फूल रहा है। एक डंपर चालक ने तो नाम न छापने की शर्त पर यहाँ तक बताया कि उन्होंने 2000 से 3000 रुपये प्रति डंपर प्रतिमाह कुछ पुलिस कर्मियों को देते हैं जिससे कि वह कार्रवाई से बच सकें। एक आरक्षक बकायदे इसकी उगाही करता है।
कांग्रेस ने सौंपा ज्ञापन
कही सोशल मीडिया तो कहीं पत्राचार के माध्यम से कांग्रेस जिला अध्यक्ष वीरेंद्र बिहारी शुक्ला भी रेत के अवैध कारोबार को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर करते रहे हैं। सोमवार को भी जिला अध्यक्ष अपने साथियों शहपुरा विधायक भूपेंद्र मरावी, लोक सभा प्रत्याशी कमल मरावी, आलोक शर्मा जिला उपाध्यक्ष, ब्रजेन्द्र दीक्षित जिला महामंत्री, रमेश राजपाल प्रदेश प्रतिनिधि, संजय राय विधायक प्रतिनिधि शहपुरा कलेक्टर बी कार्तिकेयन से मिले और ज्ञापन सौंप रेत के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने की मांग की। जिसे संज्ञान में लेते हुए कलेक्टर ने कार्यवाही किये जाने का आश्वासन दिया।
इनका कहना है
पुलिस कर्मियों द्वारा पैसे लिए जाने की जानकारी मुझे आपसे मिले है। मामले को मै संज्ञान में लेकर जांच कराते हुए उचित कार्रवाई करूंगा।
विवेक लाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डिंडोरी