शनि दोष से बचने के लिए यह उपाय बहुत कारगर हैं। इन उपायों को करने से कुंडली में शनि शुभ प्रभाव डालते हैं। इससे आपको शनि की साढ़े साति और ढैया से भी छुटकारा मिलता है।
नई दिल्ली। शास्त्रों के अनुसार शनि देव को न्याय का देवता कहा जाता है जो प्रत्येक व्यक्ति के साथ उसके कर्मों के हिसाब से ही न्याय करते हैं। जैसे व्यक्ति के कर्म होते हैं वैसे ही उसे अच्छे और बुरे फल मिलते हैं। कहा जाता है कि शनि को प्रसन्न कर लेने से आपको शनि के हर प्रकार के दोष से लड़ने में सहायता मिलेगी और जीवन की सभी कठिनाइयाँ दूर होती हैं। इन उपायों को करने से आपको शनि की साढे-साति और ढैया से भी छुटकारा मिलेगा।
1.प्रत्येक शनिवार के दिन शनि प्रतिमा पर सरसों का तेल अर्पण करना चाहिए इससे आपको निश्चित रूप से शनि के प्रकोप से बचने में सहायता मिलेगी।
2.शनि प्रतिमा पर काले तिल और काली उड़द दाल चढ़ानी अच्छी मानी जाती है इन चीज़ों को शनिदेव को अर्पण करने का महत्व शास्त्रों में भी बताया गया है।
3.शनि देव को काली मिर्च और काले नमक से बने भोजन का भोग लगाएँ और इसे स्वयं भी ग्रहण करें आपको जल्दी ही शनि दोष से मुक्ति मिलेगी।
4.प्रत्येक शनिवार को काले रंग की गाय, काले कुत्ते और कौवे को रोटी खिलानी चाहिए यह उपाय भी आपको जल्दी ही शनि के दुष्प्रभाव से बचाने में सहायता करेगा।
5.शनि के प्रकोप से बचने के लिए ध्यान रखें की अगर आप शनि पूजा करते हैं तो मांस और मदीरे का सेवन भूलकर भी नहीं करें इससे समस्या और बढ़ जाएगी।
6.शनि प्रकोप से बचने के लिए सोमवार को भगवान शिव की पूजा करनी भी महत्वपूर्ण होती है शिव जी की पूजा करने से भी आप शनि के दुष्प्रभाव से बचते हैं।
7.हर शनिवार को लोहे के पात्र में सरसों का तेल डालकर शनि देव का अभिषेक करें आपको शनि की कृपा से रूपए-पैसों की समस्या से छुटकारा मिलेगा।
8.हर शनिवार को काले घोड़े को भुने हुए चने खिलाने से भी आपको तुरंत शनि के प्रकोप से लड़ने में सहायता मिलती और शनि की नाराज़गी दूर होती है।
9.साथ ही शनिवार के दिन पीपल या बड़ के पेड़ पर जल चढ़ाना चाहिए और मिट्टी के छोटे दीये में सरसों के तेल दीपक जलाना चाहिए इससे जल्दी ही शनि दोष समाप्त होता है।