दस का दम

होली में हानिकारक रंगों से इस तरह बचाएं बाल और त्वचा को

इनसे त्वचा रुखी और बेजान हो जाती है, बाल झडऩे लगते हैं और त्वचा में जलन शुरू हो जाती है।

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Feb 25, 2018
होली हम सभी के लिए खुशियां, मस्ती, रोमांच और उत्साह लेकर आती है, लेकिन रंगों के इस त्योहार में रंग खेलने का जितना उमंग होता है, उससे कहीं ज्यादा रंग छुड़ाने का टेंशन रहता है। दरअसल, ‘बुरा न मानो होली है’ कहकर रंग फेंकने बाले अल्हड़ युवक-युवतियों की टोलियां अपनी पिचकारी व गुब्बारों में जो रंग इस्तेमाल करते हैं या रंजक व गुलाल का प्रयोग करते हैं, उनमें अभ्रक, शीशा जैसे हानिकारक रसायनिक पदार्थ मिले होते हैं। इनसे त्वचा रुखी और बेजान हो जाती है, बाल झडऩे लगते हैं और त्वचा में जलन शुरू हो जाती है।

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Published on:
25 Feb 2018 09:08 pm
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