
ग्वालियर. डीडवाना ओली स्थित बालाजी मंदिर में हिंडोला उत्सव जारी है। ये सोमवार, 31 अगस्त (कजली तीज) तक चलेगा। इस नौ दिवसीय उत्सव में प्रतिदिन ठाकुर जी के हिंडोले को अलग-अलग मनोहारी एवं आकर्षक स्वरूपों में सजाया जा रहा है। उत्सव में भगवान का विशेष शृंगार हो रहा है। गुरुवार को पांचवे दिवस महालक्ष्मी की झांकी लगाई गई। आयोजन समिति के कमल बांगड़ के अनुसार विदेशी मुद्रा (अमेरिकन डॉलर) एवं भारतीय मुद्रा से हिंडोले को सुसज्जित किया गया। इसमें करीब 4 लाख रुपए की मुद्रा से हिंडोला उत्सव को सजाया गया। प्रतिदिन दर्शन शाम 7 से रात 9.30 बजे तक होंगे। इसके बाद आरती और प्रसाद वितरण किया जा रहा है।
चक्रधर झूले गेंदे-अपराजिता पुष्पों के मनोहारी हिंडोले में
सनातन धर्म मंदिर में चल रहे 14 दिवसीय हिंडोला उत्सव के अंतर्गत भगवान चक्रधर को गेंदे एवं अपराजिता के रंग-बिरंगे पुष्पों से सुसज्जित मनोहारी झूले में विराजित किया गया। फूलों की आकर्षक सजावट के बीच भगवान चक्रधर के मनोहारी स्वरूप के दर्शन कर श्रद्धालु भाव-विभोर हो गए। मुख्य पुजारी पंडित रमाकांत शास्त्री ने भगवान चक्रधर को केसरिया पगड़ी, सुनहरी पीली पोशाक, मोतियों की और पुष्पों की मालाएं पहनाकर मनमोहक श्रृंगार किया। मंदिर परिसर में गेंदे और अपराजिता के फूलों से की गई भव्य सजावट श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रही। चारों ओर फूलों की सुगंध और भक्ति के वातावरण से मंदिर परिसर भक्तिमय हो गया। इस अवसर पर महिला भक्त मंडल द्वारा भजन-कीर्तन प्रस्तुत किए गए। भक्तों ने श्रद्धा एवं भक्ति भाव के साथ भगवान चक्रधर को झूला झुलाया और जयकारों से मंदिर परिसर गुंजायमान कर दिया। भगवान चक्रधर को विशेष भोग अर्पित किया गया।