सादुलपुर-हनुमानगढ़ रूट पर ट्रेन के फेरे बढ़ाने की मांग को लेकर नागरिकों ने बुधवार को जंक्शन रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शन किया।
हनुमानगढ़.
सादुलपुर-हनुमानगढ़ रूट पर ट्रेन के फेरे बढ़ाने की मांग को लेकर नागरिकों ने बुधवार को जंक्शन रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शन किया। रेल प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए नागरिक स्टेशन अधीक्षक मदन सिंह के पास पहुंचे और मांगों का ज्ञापन सौंपा। डीवाईएफआई के प्रदेशाध्यक्ष जगजीत सिंह जग्गी, कांग्रेस ओबीसी प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष गुरदीप चहल, पूर्व पार्षद रामसिंह सिद्धू, भारत स्वाभिमान एवं पतंजलि योग समिति के तहसील प्रभारी विजय कौशिक सहित अन्य ने स्टेशन अधीक्षक को चेताया कि जल्द ट्रेन के फेरे बढ़ाने का आदेश रेलवे प्रशासन जारी नहीं करता है तो तीन सितम्बर को मजबूर होकर नागरिक रेल रोकेंगे। सबका कहना था कि शांतिपूर्ण तरीके से नागरिक करीब एक माह से मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं।
लेकिन रेलवे प्रशासन सुनवाई नहीं कर रहा है। इसके चलते नागरिक अब आंदोलन उग्र करेंगे। छात्र नेता दुर्गाप्रताप सिंह शेखावत, बबलू कश्यप, गोकूल सिंह शेखावत, राजेश पुरी, दीपक कुक्कड़, रोहित स्वामी, महेंद्र शर्मा, व्यापारी नेता विजय बलाडिय़ा, इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के जयपाल जैन, विजय महेंद्रा, कांग्रेस नेता रणवीर सिहाग, फूल सिंह, मुल्खराज शर्मा, मंत्रालयिक कर्मचारी संघ हनुमानगढ़ के जिलाध्यक्ष इंद्रजीत शर्मा, आत्म सम्मान सेवा संस्थान के संरक्षक मनोज चांदलिया, अध्यक्ष जरनैल सिंह, श्रमिक नेता रामकुमार आदि मौजूद थे। जाब्ता रहा तैनात विभिन्न नागरिक संगठनों की ओर से पूर्व में आंदोलन की सूचना के दृष्टिगत स्टेशन पर पुलिस जाब्ता तैनात रहा। सुरक्षाकर्मियों ने पूरे घटनाक्रम की वीडियोग्राफी भी की। जीआरपी व आरपीएफ के अलावा जंक्शन थाने का स्टॉफ स्टेशन पर मौजूद रहा।
इनको करो स्थाई नागरिकों ने स्टेशन अधीक्षक को सौंपे ज्ञापन में सादुलपुर-हनुमानगढ़ रूट पर हाल में चलाई गई दो मेला स्पेशल ट्रेन को स्थाई करने की मांग की है। इसके अलावा ट्रेनों के फेरे भी बढ़ाने की मांग की है। नागरिकों का कहना है कि पहले इस रूट पर आठ से दस फेरे लगते थे। लेकिन अब स्थाई रूप से दो फेरे ही लग रहे हैं। इससे नागरिकों को दिक्कत आ रही है। अफसर ने दिए सुबूत जंक्शन रेलवे स्टेशन अधीक्षक मदन सिंह को नागरिकों ने खरी-खरी सुनाई। नागरिकों ने स्टेशन अधीक्षक से सवाल किया कि हमने आपसे इतनी बार फेरे बढ़ाने की मांग की, आपने अपने स्तर पर क्या प्रयास किए। स्टेशन अधीक्षक ने डीआरएम को भेजे गए मांग पत्र की रसीद नागरिकों को दिखाई और कहा कि मेरे स्तर पर जो भी प्रयास होने थे, उसमें कमी नहीं आने दी। ट्रेन चलाने का निर्णय उच्च स्तर पर लिया जाएगा।