अंकुरित अनाज (sprouted grains) में पाया जाने वाला स्टार्च, ग्लूकोज (glucose), फ्रक्टोज व माल्टोज में बदल जाता है, जिससे स्वाद बढ़ने के साथ पाचक व पोषक तत्वों में भी वृद्धि हो जाती है।
काम की बात: अंकुरित अनाज सेहत के लिए फायदेमंद है क्योंकि अंकुरण के बाद इसमें पाया जाने वाला स्टार्च (starch), ग्लूकोज, फ्रक्टोज व माल्टोज में बदल जाता है, जिससे स्वाद बढ़ने के साथ पाचक व पोषक तत्वों में भी वृद्धि हो जाती है। इसे बिना उबाले और छौंक लगाए खाना चाहिए।
जिंक हड्डियों को मजबूत बनाता है
अंकुरित अनाज में एंटीऑक्सीडेंट (Antioxidant) , विटामिन ए (vitamin), बी, सी, ई, फॉस्फोरस, आयरन, मैग्नीशियम, कैल्शियम, जिंक (Phosphorus, iron, magnesium, calcium, zinc) हड्डियों को मजबूत बनाते हैं। इससे पाचन में सुधार आता है। शरीर में ऊर्जा को बढ़ाता है। एंटी एजिंग, फर्टिलिटी में फायदेमंद है।
कैसे बनाएं स्प्राउट
मूंगफली, गेहूं, मोठ, चना, उड़द, बाजरा, ज्वार, सोयाबीन व दाना मेंथी (Groundnut, Wheat, Moth, Gram, Urad, Bajra, Jowar, Soybean and Dana Methi) को अंकुरित किया जा सकता है। अंकुरण के लिए इन्हें साफ कर दोगुने पानी में छह से आठ घंटे पानी में भिगोएं। इसके बाद सूती कपड़े में बांधकर रख दें। आठ-दस घंटे में अंकुरित हो जाएगा। ताजा ही खाएं। एक इंच से बड़ा अंकुरण न खाएं।