बाहुबली फेम अभिनेत्री अनुष्का शेट्टी रेयर लाफिंग डिजीज से पीडि़त हो गई हैं। दरअसल इस रोग को स्यूडोबुलबर इफेक्ट कहा जाता है। यह न्यूरोलॉजिकल बीमारी है। इसमें व्यक्ति का हंसने या रोने पर कंट्रोल नहीं रहता।
बाहुबली फेम अभिनेत्री अनुष्का शेट्टी रेयर लाफिंग डिजीज से पीडि़त हो गई हैं। दरअसल इस रोग को स्यूडोबुलबर इफेक्ट कहा जाता है। यह न्यूरोलॉजिकल बीमारी है। इसमें व्यक्ति का हंसने या रोने पर कंट्रोल नहीं रहता। यह मोटर न्यूरॉन डिजीज, कॉर्टिकोबेसल डिजनरेशन, पैरालिसिस, बाइलेटरल स्ट्रोक, मल्टीपल सिरोसिस, मल्टीपल सिस्टम एट्रॉफी या अन्य किसी कारण से हो सकता है। इसमें मरीज का अपने अंगों या क्रियाकलापों पर कंट्रोल नहीं रहता। आसान शब्दों में कहें तो ब्रेन का सिग्नल अंगों को सही तरह से नहीं मिल पाता जिससे शारीरिक क्रियाकलाप प्रभावित होते हैं। इसमें दिमाग की नेटवर्किंग को किसी कारणवश क्षति पहुंचती है जिससे भावनात्मक अभिव्यक्ति को नियंत्रित करने की क्षमता घट जाती है। इस रोग का इलाज कुछ हद तक संभव है, जो इसके कारणों पर निर्भर करता है। इस रोग में व्यक्ति ठहाके मारकर करीब 15-20 मिनट तक लगातार हंसता रहता है। इसमें क्रोध व हताशा के समय भी व्यक्ति हंसता रहता है। खुशी के मौके पर देर तक रोता रहता है।
इसका मुख्य लक्षण अचानक और अनियंत्रित रूप से हंसना या रोना है। ऐसा कुछ सेकंड से लेकर कई मिनट तक और दिन में कई बार हो सकता है। इस बीमारी में हंसी या रोने के साथ चेहरे पर ऐंठन, शरीर में ऐंठन या सीने में जकडऩ जैसे शारीरिक लक्षण भी नजर आ सकते हैं। साथ ही मरीज की आवाज में भी फर्क आ जाता है। पीडि़त व्यक्ति का अक्सर इन भावनात्मक आवेग पर नियंत्रण न होने के कारण शर्मिंदा और निराश महसूस करते हैं। कुछ व्यक्तियों में इसका प्रभाव हल्का जबकि अन्य में लगातार और तीव्र हो सकता है।
-डॉ. दिनेश खंडेलवाल, न्यूरोलॉजिस्ट