दो साल की बहन को गोद में लेकर छत पर खेलने गई थी खुशबू
होशंगाबाद।कोरोना वायरस के कारण पिछले दस दिन से पूरे देश में लॉक डाउन है। बच्चों से लेकर बड़े तक घरों में कैद हैं। ऐसे में दो मासूम बहनों को छत पर जाकर खेलना महंगा पड़ गया। दोनों हादसे का शिकार हो गई। दस वर्षीय एक बच्ची की मौत हो गई, जबकि उसकी दो साल की बहन अस्पताल में जीवन एवं मृत्यू के बीच संघर्ष कर रही है। उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है। घटना बाबई के बीकोर गांव की है।
गोद में लेकर खेलने गई थी बहन
किसान फूलसिंह राजपूत की दस वर्षीय बेटी खुशबू शुक्रवार सुबह साढ़े सात बजे अपनी दो साल की मासूम बहन तनु को गोद में लकर घर की छत पर गई थी। उस समय छत पर परिवार का अन्य कोई सदस्य नहीं था। वह दोनों छत पर खेल रही थी। अन्य सदस्य नीचे मकान में थे। खुशबू बहन को गोद में लेकर छत से नीचें झांक रही थी। छत पर रैलिंग नहीं थी, इस कारण असंतुलन बिगडऩे पर दोनों बहने 12 फीट नीचे सड़क पर आकर गिरी। खुशबू की मौके पर ही मौत हो गई। तनु के सिर में गंभीर चोट आई है। उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उसकी हालत नाजुक है।
सदमें में पिता बेहोश
दोनों बेटियों को हादसे का शिकार होने से पिता फूलसिंह को गहरा सदमा लगा है। जैसे ही डाक्टरों ने बड़ी बेटी की मौत होने की खबर दी वह बेहोश हो गए। पत्नी रेखा का भी रो-रोकर बुरा हाल है। तनु की हालत गंभीर है। उसके सिर में फैक्चर है। उसे आईसीयू में भर्ती किया गया है। उसे निगरानी में रखा गया है। तीन दिन तक निगरानी के बाद डाक्टर बता पाएंगे कि उसका ऑपरेशन करना जरूरी है या सिर्फ दवाओं से सुधार हो जाएगा।
पीएम आवास योजना में बना है घर
फूलसिंह का घर तीन साल पहले प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बना है। लेकिन अभी तक छत पर रैलिंग नहीं लगी है।