एक टीम रैकी करती थी दूसरी टीम चोरी, इटारसी, रामपुर, गुर्रा, केसला और होशंगाबाद में की चोरी वारदात
इटारसी. गिरफ्त में आए पारधी चोर गिरोह ने चोरी के अनोखे और नए तरीकों का पर्दाफाश किया है। इस गिरोह में अलग-अलग टीमें है और सभी के काम अलग-अलग है। एक टीम रैकी करती है दूसरी चोरी करती है और तीसरी सामान को बेचती थी। इस गिरोह की एक टीम को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े सदस्य 7 ने 8 चोरियां करना कबूल कर है। इन सदस्यों से 5 लाख के जेवर भी जब्त किए गए हैं। अभी गिरोह की दूसरी टीम जो रैकी करती थी गिरफ्त से बाहर है।
एसपी अरविंद सक्सेना ने शुक्रवार को एक प्रेसवार्ता में बताया कि सभी आरोपी शिवपुर थाने के अंतर्गत आने वाले अमलाड़ा खुर्द के हैं। पकड़े बदमाशों में रंधिन पिता अइतलाल पारधी उम्र २३ वर्ष, आनंद पिता अनकलाल पारधी उम्र २० वर्ष, शेखर पिता ऐवसी पारधी उम्र २३ वर्ष, उमेर उर्फ लाले पिता बागीलाल पारधी उम्र २२, मानकचंद पिता स्मेल पारधी उम्र ४० वर्ष, अखिलेश पिता एवेसीलाल पारधी उम्र २० वर्ष और शर्माजी पिता पीरतलाल पारधी उम्र २३ वर्ष शामिल है।
एक टीम बाइक से करती थी रैकी
पारधी चोर गिरोह की एक टीम बाइक से रैकी करती थी। इस टीम का काम बाइकसे शहरों और गांवों के अंदर यह पता करना होता था कि किस घर में ताला लगा है। इस टीम के सदस्य के घर की स्थिति जानने के लिए बेलून या मैग्जीन फेंकते थे यदि कोई विरोध करता था तो समझ जाते थे कि घर में लोग मौजूद हैं। खासकर जिन घरों में ताला लगा होता था उसे चोरी के लिए चुनते थे। रैकी करने का जिम्मा अमलाड़ा खुर्द के कदम पिता कीरतलाल पारधी, राजेंद्र पिता नगदीलाल, योगेश पिता राजू पारधी, रोखड़तलाई सिवनीमालवा निवासी अभिषेमक पिता बूटा सिंग, राजकुमार पिता बूटा सिंग का है।
स्टेशन के पास चुनते थे टारगेट
यह गिरोह चोरी के लिए स्टेशन के पास टारगेट चुनते थे। इनका उद्देश्य रहता था कि जहां चोरी करना है वहां पैदल पहुंचा जा सके और पैदल स्टेशन पहुंचकर तुरंत गाड़ी में बैठकर फरार हो सकें।
मास्टर माइंड टीमों को करता था मैनेज
पकड़े एक आरोपियों में रंधिन पारधी गिरोह का मास्टर माइंड है। इसका काम टीमों के बीच सामंजस्य बैठाना था। जैसे रैकी पूरी हो जाती थी इसके बाद रंधिन टीम के दूसरे सदस्यों को जहां चोरी करना होता है वहां बुलाता था। गिरोह के सदस्य पैसेंजर से आते थे इसके बाद ओवरब्रिज, रेलवे स्टेशन या सूने स्थानों पर छिप जाते थे और देर में एकसाथ निकल टारगेट किए गए स्थान पर पहुंच जाते थे।
ताला तोडऩे वाला एक्सपर्ट भी है गिरोह में
इस गिरोह में एक ताला तोडऩे वाला एक्टपर्ट भी है। यह काम मानकचंद पारधी का है। इसका काम गिरमिट लगाकर छेद करना, पेंचकस से स्क्रू खोलकर कुंडी निकालना, रॉड से ताले और एंगल उचकाना, गोदरेज, आलमारी को ताले मानकचंद ही तोड़ता है।
१
दस हजार का इनाम घोषित
चोरी के मामलों को पर्दाफाश के लिए पूरी टीम के लिए एसपी अरविंद सक्सेना ने दस हजार रुपए का इनाम घोषित किया है। चोरों को पकडऩे के लिए तीन टीम बनाई गई थी इसमें तवानगर, रामपुर, केसला और इटारसी के सदस्यों को शामिल किया गया था। चोरी के बाद आरोपियों ने १५ फीसदी माल को बेचा है। माल बेचने के लिए यह परिवार के बुजुर्ग सदस्यों को या महिलाओं भेजते थे। पकड़े गए आरोपियों गए घर नए कपड़े भी बरामद हुए है।
यहां दिया चोरी की वारदात को अंजाम
- एक वर्ष पहले नाला मोहल्ला लता बाई पति मोहन के घर में इस गिरोह ने घुसकर सोने की दो चेन, सोने की दो जोड़ झुमकी, एक जोड़ी चांदी की पैर पट्टी, चांदी की गणेश मूर्ति, चांदी का गुच्छा, चांदी के सिक्के व नगद चोरी किए थे।
- सात-आठ महीने पहले सांई फाच्र्युन सिटी निवासी अरविंद शुक्ला के सूने मकान का ताला तोड़कर आलमारी में रखे चांदी के २० सिक्के और नगद १५०० चुराए थे।
- बाहर बंगला क्षेत्र निवासी प्रमोद पिता नंदलाल कलोसिया के सूने मकान का ताला तोड़कर आलमारी में रखे सोने चांदी के जेवर चोरी किए थे।
- बारह बंगला में पी. चिन्नाराव के सरकारी रेलवे आवास से सोने के मंगलसूत्र, चांदी के पैर पट्टी और नगद ७ हजार रुपए चोरी किए थे।
- केसला में मंदिर के पास सुनीता पिता चंद्रशेखर मिश्रा के मकान में गिरमिट लगाकर छेद करके दरवाजे का ताला तोड़ा था यहां से सोने के टाप्स, अंगूठी, चांदी के समान चोरी किए थे।
- ग्राम गुर्रा में एक महीने महेश मीना के घर १९ जुलाई को पीछे से गिरमिट से छेद करके दरवाजा खोला था इसके बाद आलमारी उठाकर बाहर ले गए और आलमारी तोड़कर सोने-चांदी के जेवर और नगद चुराए थे।
- ग्राम रामपुर में पूर्व सरपंच रामदास प्रजापति के घर से सोने-चांदी के जेवर और नगद पर इस गिरोह ने हाथ साफ किया था।
- होशंगाबाद में भी एक घर से सोने चांदी के जेवर और नगद चोरी किए थे।
ये सामान किया जब्त
एसडीओपी अनिल शर्मा ने बताया कि सोने की २ चेन, ६ अंगूठी, ६ जोड़ी टाप्स, २ सोने के कड़े, २ सोने के मंगलसूत्र लॉकेट, ३ जोड़ी सोने की कनछड़ी, चांदी के १ जोड़ रमझौल, ६ जोड़ पॉयजेब, ३० नग सिक्के, १५ जोड़ बिछिया, १ गणेश मूर्ति, १ इत्रदान, १ अगरबत्ती स्टैंड और अन्य जेवर जब्त किए गए हैं।