हुबली

राजस्थान की लोक परंपरा को कर्नाटक में भी सहेज रहे प्रवासी परिवार

होली के बाद निभाई गई ढूंढ की परंपराराजस्थान की लोक संस्कृति में होली के बाद मनाया जाने वाला पारंपरिक ढूंढोत्सव कर्नाटक के हुब्बल्ली समेत अन्य शहरों में भी उसी उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। यहां बसे राजस्थान मूल के लोगों ने अपनी परंपराओं को जीवंत रखते हुए इस वर्ष भी ढूंढ का आयोजन […]

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राजस्थानी परंपरा के अनुसार ढूंढोत्सव के दौरान एक बच्चे की ढूंढ करते समाजजन।

होली के बाद निभाई गई ढूंढ की परंपरा
राजस्थान की लोक संस्कृति में होली के बाद मनाया जाने वाला पारंपरिक ढूंढोत्सव कर्नाटक के हुब्बल्ली समेत अन्य शहरों में भी उसी उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। यहां बसे राजस्थान मूल के लोगों ने अपनी परंपराओं को जीवंत रखते हुए इस वर्ष भी ढूंढ का आयोजन किया। हुब्बल्ली के गोकुल रोड, राजधानी कॉलोनी सहित अन्य इलाकों में सीरवी समाज की ओर से तीन स्थानों पर ढूंढोत्सव आयोजित किया गया। इस दौरान समाज के लोगों ने पारंपरिक राजस्थानी रीति-रिवाजों के अनुसार छोटे बच्चों को ढूंढा और उनके सुख-समृद्धि व उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

प्राचीन परंपरा को जीवंत बनाए रखने का संकल्प
राजस्थान में ढूंढ की परंपरा होली के बाद विशेष रूप से उन बच्चों के लिए निभाई जाती है जिनका जन्म पिछले वर्ष के दौरान हुआ होता है। मान्यता है कि इस अनुष्ठान से बच्चों की रक्षा होती है और उनके जीवन में खुशहाली आती है। ढूंढ के दौरान परिवारजन बच्चे को सजाकर चौक या आंगन में बैठाते हैं। समाज के लोग ढोल-थाली बजाते हुए पारंपरिक गीत गाते हैं और बच्चे को खजूर, गुड़, नारियल, खिलौने या मिठाई भेंट करते हैं। कई स्थानों पर प्रतीकात्मक रूप से गन्ने या डंडी से हल्के-हल्के स्पर्श कर बच्चे को आशीर्वाद दिया जाता है, जिसे ढूंढना कहा जाता है। हुब्बल्ली में आयोजित कार्यक्रमों में भी समाज के लोगों ने सामूहिक रूप से बच्चों को आशीर्वाद दिया और राजस्थान की इस प्राचीन परंपरा को जीवंत बनाए रखने का संकल्प लिया।

ऐसे आयोजनों का विशेष महत्व
सीरवी समाज के वरिष्ठ सदस्य बाबूलाल सीरवी ने बताया कि प्रवास में रहकर भी अपनी संस्कृति और परंपराओं को अगली पीढ़ी तक पहुंचाना जरूरी है, इसलिए ऐसे आयोजनों का विशेष महत्व है। कार्यक्रम के दौरान समाज के परिवार बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और बच्चों के साथ ढूंढोत्सव का उल्लासपूर्वक आनंद लिया।

Published on:
08 Mar 2026 07:02 pm
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