ruckus over holi festival event: मध्य प्रदेश के इंदौर स्थित होल्कर साइंस कॉलेज में ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन के फाइनल ईयर के छात्रों ने 30 प्रोफेसरों को हॉल में बंद कर दिया।
ruckus over holi festival event: मध्य प्रदेश के इंदौर स्थित होल्कर साइंस कॉलेज में छात्रों और प्रोफेसरों के बीच बवाल हो गया। यहां होली के कार्यक्रम में रेन डांस की अनुमति न मिलने से आक्रोशित छात्रों ने प्रिंसिपल प्रो. अनामिका जैन और करीब 30 प्रोफेसरों को यशवंत हॉल में बंद कर दिया। इतना ही नहीं, उन्होंने हॉल की बिजली सप्लाई भी काट दी, जिससे वहां अंधेरा छा गया। एक घंटे तक चले इस हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद पुलिस को मौके पर पहुंचकर मामला शांत कराना पड़ा। इस मामले में कलेक्टर आशीष सिंह ने जांच एडीएम को सौंप दी है।
महाविद्यालय में ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन के फाइनल ईयर के छात्रों ने होली के मौके पर 7-8 मार्च तक एक कार्यक्रम आयोजित किया था। इसमें एबीवीपी (ABVP) के कार्यकर्ता भी शामिल थे। छात्रों ने कार्यक्रम की मौखिक अनुमति प्रिंसिपल से पहले ही ले ली थी। प्रिंसिपल से परमिशन मिलने के बाद छात्रों ने कॉलेज में इवेंट के पोस्टर लगा दिए जिसमें रेन डांस का जिक्र था। प्रिंसिपल ने जब इन पोस्टरों को देखा, तो उन्होंने अनुमति रद्द कर दी और पोस्टर हटवा दिए। इससे नाराज छात्रों ने भारी विरोध शुरू कर दिया।
सोमवार दोपहर जब प्रिंसिपल प्रो. अनामिका जैन और अन्य फैकल्टी सदस्य यशवंत हॉल में बैठक कर रहे थे, तभी एबीवीपी कार्यकर्ता और अन्य छात्र वहां पहुंचे और नारेबाजी शुरू कर दी। उन्होंने हॉल का दरवाजा बाहर से ताला लगाकर बंद कर दिया और धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारियों ने बिजली की एमसीबी गिरा दी, जिससे हॉल की बिजली पूरी तरह बंद हो गई और वहां मौजूद प्रोफेसर घबरा गए। लगभग एक घंटे तक हॉल में अफरा-तफरी का माहौल रहा।
मामले की सूचना मिलने के बाद भंवरकुआं पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। घटना के बाद भी कुछ छात्र प्रिंसिपल के कक्ष में पहुंचे और उन पर दबाव बनाने की कोशिश की। प्रिंसिपल ने इस मामले की शिकायत कलेक्टर और पुलिस को दी, जिसके बाद कलेक्टर आशीष सिंह ने मामले की जांच एडीएम को सौंपने के निर्देश दिए। पुलिस भी इस मामले में अपनी कार्रवाई करेगी।
इस घटना पर एबीवीपी के होलकर कॉलेज प्रभारी रितेश पटेल ने सफाई देते हुए कहा कि संगठन का इस प्रदर्शन से कोई लेना-देना नहीं है। छात्र अपने स्तर पर कार्यक्रम आयोजित कर रहे थे, जिसमें कुछ एबीवीपी कार्यकर्ता शामिल थे।