
जबलपुर. गणेशोत्सव और मुहर्रम एक साथ पड़ रहे हैं। शहर की परम्परा के अनुसार दोनों त्योहार सौहाद्र्र के साथ मनाए जाएंगे। शहर में 1500 के लगभग सार्वजनिक गणेश प्रतिमाएं स्थापित की जाती हैं। पूरे महाकौशल क्षेत्र में इससे ज्यादा गणेश प्रतिमाएं और कहीं नहीं रखी जातीं। इसके साथ ही शहर में 500 के लगभग ताजिए हर साल रखे जाते हैं। लगभग 65 ऐसे स्थान हैं, जहां गणेश पंडाल के साथ ही ताजिया का भी पंडाल होगा।
सभी स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था बनाने में पुलिस जुटी है। वर्षों से शहर में धार्मिक आयोजन सद्भाव से होते आए हैं। पुलिस इस बार भी त्योहार इसी तरह सम्पन्न कराने तैयार है। त्योहारों में जिला बल के 2900 जवानों के अलावा छठवीं वाहिनी, पुलिस लाइन में प्रशिक्षण ले रहे 350 प्रशिक्षु आरक्षक और अतिरिक्त कम्पनियों का बल तैनात करने की तैयारी है।
पुलिस ने सभी 65 संयुक्त स्थलों पर अस्थाई पुलिस सहायता केंद्र बनाने का निर्णय लिया है। यहां बीट प्रभारी, कर्मी के साथ अतिरिक्त बल तैनात रहेगा। पीए सिस्टम और सीसीटीवी कैमरे की मदद से नजर रखी जाएगी। ताकि जल्द हर स्थिति को समझा जा सकेगा।
सोशल मीडिया पर
दोनों त्योहारों को लेकर सोशल मीडिया पर किसी भी तरह की आने वाली पोस्ट पर नजर रखने के लिए साइबर टीम को जिम्मेदारी सौंपी गई है। साइबर टीम के इनपुट पर सम्बंधित थाना प्रभारी को कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
तैयारी पूरी है
दोनों समुदायों के प्रतिनिधि भी साफ कह रहे हैं कि मुहर्रम- और गणेशोत्सव दोनों त्यौहार साथ मिलकर सौहाद्र्र के साथ मनाए जाएंगे। पुलिस अधिकारी भी इस बात की तस्दीक करते हैं। एसपी अमित सिंह के अनुसार शहर में त्योहार सद्भावपूर्ण मनाने की परम्परा है। पुलिस विभिन्न संगठनों, समितियों और वर्गों के लोगों के साथ बैठक कर शांतिपूर्ण तरीके से दोनों त्योहार सम्पन्न कराने की तैयारी में जुटी है। आपराधिक प्रवृत्ति वाले और शांति व्यवस्था में खलल डालने वाले तत्वों को लेकर भी पूरी तैयारी है।