हाईकोर्ट ने राज्य शासन से मांगा जवाब, तहसीलदार, एसडीएम को भी भेजा नोटिस
जबलपुर । मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के न्यायाधीश राजमोहन सिंह की एकलपीठ ने चारागाह के लिए आरक्षित भूमि से अतिक्रमण न हटाए जाने के मामले में जवाब-तलब कर लिया है। इस सिलसिले में राज्य शासन, कलेक्टर नरसिंहपुर, एसडीएम, एसपी व तहसीलदार को नोटिस जारी किए गए हैं। याचिकाकर्ता नरसिंहपुर निवासी गणेश साहू की ओर से पक्ष रखा गया। बताया गया कि शिकायत के बाद तहसीलदार ने अतिक्रमण हटाने का आदेश पारित किया था। लेकिन अतिक्रमण नहीं हटाए गए। इस वजह से नरसिंहपुर के ग्राम उमरिया के ग्रामीण परेशान हैं। उनके पालतू मवेशियों को चारा नहीं मिल पा रहा है। दलील दी गई कि उक्त जमीन वन्य प्राणियों के लिए चारागाह के लिए आरक्षित है। सरकारी अभिलेख में वन विभाग के नाम पर दर्ज यह चारागाह की भूमि दो नदियों के बीच स्थित है।
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न्यायालयीन प्रकरणों में शासन का पक्ष गम्भीरता से रखें-
न्यायालयों में चल रहे प्रकरणों में अधिकारी शासकीय अधिवक्ता के माध्यम से शासन का पक्ष मजबूती के साथ रखें और समय सीमा में जवाब दाखिल करें। जबलपुर कलेक्टर दीपक सक्सेना ने बुधवार को न्यायालयीन प्रकरणों में की जा रही कार्यवाही की समीक्षा बैठक में ये निर्देश दिए।