जयपुर

ऑस्ट्रेलिया के कॉन्सुल जनरल पॉल मर्फी की पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी से मुलाकात

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच लगातार मजबूत हो रहे रिश्तों में अब राजस्थान की भूमिका भी अहम होने जा रही है। ऑस्ट्रेलिया के मुंबई स्थित कॉन्सुल जनरल पॉल मर्फी ने बुधवार को पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी से उनके निवास स्थान पर मुलाकात के दौरान शिक्षा, कृषि, नवीकरणीय ऊर्जा, पर्यटन और सांस्कृतिक आदान-प्रदान जैसे क्षेत्रों में साझेदारी बढ़ाने की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की।
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Jul 16, 2026
Patrika Group Editor inChief Gulab Kothari With Australian Consul General Paul Murphy
ऑस्ट्रेलिया के कॉन्सुल जनरल पॉल मर्फी की पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी से मुलाकात (फोटो: पत्रिका)

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच लगातार मजबूत हो रहे रिश्तों में अब राजस्थान की भूमिका भी अहम होने जा रही है। ऑस्ट्रेलिया के मुंबई स्थित कॉन्सुल जनरल पॉल मर्फी ने बुधवार को पत्रिका समूह के प्रधान संपादक गुलाब कोठारी से उनके निवास स्थान पर मुलाकात के दौरान शिक्षा, कृषि, नवीकरणीय ऊर्जा, पर्यटन और सांस्कृतिक आदान-प्रदान जैसे क्षेत्रों में साझेदारी बढ़ाने की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने बताया कि मुंबई स्थित ऑस्ट्रेलियाई वाणिज्य दूतावास का कार्यक्षेत्र अब राजस्थान तक बढ़ा दिया गया है। इससे न केवल ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों को बेहतर कांसुलर सेवाएं मिलेंगी, बल्कि राजस्थान और ऑस्ट्रेलिया के बीच व्यापार, निवेश और शैक्षणिक सहयोग को भी नई गति मिलेगी।

कॉन्सुल जनरल मर्फी ने कहा कि दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 50 अरब डॉलर तक पहुंच चुका है। ऑस्ट्रेलिया में करीब 10 लाख भारतीय मूल के लोग रहते हैं, जबकि हर साल लगभग 4.5 लाख भारतीय पर्यटक वहां पहुंचते हैं। यही वजह है कि दोनों देशों के रिश्ते अब सिर्फ व्यापार तक सीमित नहीं रह गए हैं, बल्कि शिक्षा, संस्कृति और लोगों के बीच बढ़ते संपर्क भी इन्हें मजबूत बना रहे हैं। इस मौके पर गुलाब कोठारी ने कहा कि जलवायु परिवर्तन, खेती में कीटनाशकों का अंधाधुंध उपयोग और आज की पीढ़ी में सांस्कृतिक मूल्यों का ह्रास दोनों देशों के लिए चिंता का विषय होना चाहिए। उन्होंने मर्फी से राजस्थान के शुष्क क्षेत्रों के विकास के लिए ऑस्ट्रेलिया के ड्राईलैंड फार्मिंग, जल संरक्षण और आधुनिक कृषि तकनीकों के अनुभव साझा करने पर जोर दिया।

इस दौरान जैविक खेती, हाइड्रोपोनिक्स, सौर ऊर्जा और ग्रीन हाइड्रोजन जैसे क्षेत्रों में भी मिलकर काम करने की संभावनाओं पर चर्चा हुई। मर्फी ने यह भी बताया कि हाल ही भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच उच्च शिक्षा के क्षेत्र में विश्वविद्यालयों के बीच संयुक्त डिग्री कार्यक्रम, छात्र और फैकल्टी एक्सचेंज तथा शोध सहयोग को बढ़ावा देने पर सहमति बनी है। वर्तमान में ऑस्ट्रेलिया में 1.40 लाख से अधिक भारतीय छात्र पढ़ाई कर रहे हैं, वहीं कई ऑस्ट्रेलियाई विश्वविद्यालय भारत में अपने परिसर स्थापित कर रहे हैं। दोनों देशों ने खेल, पर्यटन, नवाचार और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को भी भविष्य की साझेदारी के महत्वपूर्ण आधार के रूप में रेखांकित किया है।

Updated on:
16 Jul 2026 10:38 am
Published on:
16 Jul 2026 10:30 am