प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सतीश पूनिया की ओर से कांग्रेस पार्टी पर की गई अशोभनीय टिप्पणी का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है।
जयपुर। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सतीश पूनिया की ओर से कांग्रेस पार्टी पर की गई अशोभनीय टिप्पणी का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। सतीश पूनिया की टिप्पणी को लेकर जहां मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा भी उनके बयान की निंदा कर चुके हैं तो वहीं सतीश पूनिया के अशोभनीय बयान के विरोध में आज प्रदेश कांग्रेस की ओर से सभी जिलों में विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। सभी जिला मुख्यालय पर आज सुबह 11 बजे से प्रदर्शन किया जाएगा और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया से अपने बयान पर माफी मांगने की मांग की जाएगी।
जयपुर कलेक्ट्रेट पर होगा संयुक्त प्रदर्शन
बयान के विरोध में जयपुर कलेक्ट्रेट पर जयपुर शहर कांग्रेस और देहात कांग्रेस की ओर से संयुक्त रूप से धरना प्रदर्शन किया जाएगा। जयपुर कलेक्ट्रेट पर होने वाले धरने में प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, जयपुर शहर के निवर्तमान अध्यक्ष और खाद्य आपूर्ति मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास, जयपुर ग्रामीण के निवर्तमान अध्यक्ष और राज्य मंत्री राजेंद्र सिंह यादव सहित तमाम नेता और कार्यकर्ता धरने में शामिल होंगे।धरने प्रदर्शनों में एनएसयूआई, युवा कांग्रेस,महिला कांग्रेस और सेवा दल के कार्यकर्ता भी शामिल होंगे। इससे पहले जयपुर शहर कांग्रेस के निवर्तमान अध्यक्ष खाद्य आपूर्ति मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने सतीश पूनिया के बयान की निंदा करते हुए कहा कि कांग्रेस को जूते की नोक पर रखने की भाषा बोलने वाले सतीश पूनिया को यह समझ लेना चाहिए कि छोटे मुंह बड़ी बात अच्छी नहीं लगती।
भाजपा नेताओं ने पहले किसानों के लिए छोटे और गलत शब्दों का प्रयोग किया था उसके बाद भाजपा के सबसे बड़े प्रमुख प्रधानमंत्री मोदी को किसानों से माफी मांगनी पड़ी थी। पूरे देश में भाजपा नेताओं के किसानों ने जूते मारे, गांवों में घुसने नहीं दिया। इसके बावजूद भाजपा नेता आज भी घमंड के साथ और ओछे शब्दों का प्रयोग करते हैं जो राजनीति में शोभा नहीं देता है। प्रताप सिंह खाचरियावास ने कहा कि कोटा में सतीश पूनिया के साथ जो हुआ उसे कांग्रेस पार्टी सही नही मानती लेकिन जो भाषा उन्होंने बोली उससे लोगों में आक्रोश पैदा होना स्वाभाविक है। खाचरियावास ने कहा कि कांग्रेस पार्टी राजनीतिक मर्यादाओं में रहकर राजनीति करती है और भाजपा नेताओं को भी मर्यादा में रहकर अब राजनीति करनी चाहिए।