प्रदेश में खाद्य सुरक्षा योजना के तहत गेहूं परिवहन और वितरण की सप्लाई चेन हर दूसरे महीने बिगड़ती दिखाई दे रही है। फरवरी के लिए विभाग ने 41 जिलों में 2.13 लाख मीट्रिक टन गेहूं का आवंटन किया था। आवंटित गेहूं का उठाव 31 जनवरी तक होना था, लेकिन विभागीय पोर्टल के अनुसार केवल 1.85 […]
प्रदेश में खाद्य सुरक्षा योजना के तहत गेहूं परिवहन और वितरण की सप्लाई चेन हर दूसरे महीने बिगड़ती दिखाई दे रही है। फरवरी के लिए विभाग ने 41 जिलों में 2.13 लाख मीट्रिक टन गेहूं का आवंटन किया था। आवंटित गेहूं का उठाव 31 जनवरी तक होना था, लेकिन विभागीय पोर्टल के अनुसार केवल 1.85 लाख मीट्रिक टन गेहूं का ही उठाव हो सका। जयपुर, धौलपुर, टोंक, बीकानेर, दौसा, बारां, बालोतरा, अलवर, सिरोही और श्रीगंगानगर समेत 19 जिलों में गेहूं का उठाव आधे से भी कम हुआ है। जयपुर जिले में फरवरी के लिए 13 हजार मीट्रिक टन गेहूं का आवंटन किया था। लेकिन यहां केवल 7,906 मीट्रिक टन गेहूं का उठाव हो सका। इस स्थिति में जिले के सैकड़ों राशन डीलर्स के पास फरवरी का गेहूं नहीं पहुंचा और वे खाली हाथ बैठे हैं। उधर, लाभार्थियों को परेशान होना पड़ रहा है।