
जयपुर। नगर निगम चुनाव में मतदान की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब सबकी नजरें 14 सितंबर को होने वाली मतगणना पर टिक गई हैं। शहर के 150 वार्डों से ईवीएम में बंद जनादेश को सुरक्षित रखने के लिए भवानी निकेतन परिसर स्थित स्ट्रॉन्ग रूम में सुरक्षा का अभेद घेरा बनाया गया है। ईवीएम संग्रह का काम पूरा होने के बाद सभी स्ट्रॉन्ग रूम को पूरी तरह सील कर दिया गया है। परिसर में करीब 300 पुलिसकर्मी और पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है। ये जवान तीनों पालियों में 24 घंटे लगातार निगरानी कर रहे हैं। अब 14 सितंबर को सुबह 8 बजे से मतगणना शुरू होगी और इसके साथ ही शहर की अगली शहरी सरकार को लेकर तस्वीर साफ होने लगेगी।
इधर, चुनाव के बीच बगरू विधानसभा क्षेत्र के वार्ड 62 की भाग संख्या 23 में मतदान प्रक्रिया को लेकर गंभीर अनियमितता सामने आई है। राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय, टीलावाला, सांगानेर स्थित मतदान केंद्र पर दोबारा मतदान कराने की स्थिति बन गई है। बताया जा रहा है कि विलोपित मतदाता सूची में शामिल 110 मतदाताओं ने भी इसी बूथ पर मतदान कर दिया।
मामला सामने आने के बाद संबंधित बूथ पर हुए मतदान को दूषित माना गया है। इसके बाद जिला निर्वाचन अधिकारी की ओर से पूरे मामले की रिपोर्ट राज्य निर्वाचन आयोग को भेज दी गई है। अब आयोग की ओर से मिलने वाले निर्देश के आधार पर री-पोल यानी पुनर्मतदान कराने को लेकर अंतिम फैसला होगा।
निर्वाचन विभाग ने भी संभावित पुनर्मतदान को लेकर तैयारियां शुरू कर दी हैं। हालांकि अंतिम निर्णय राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देश के बाद ही होगा। यदि री-पोल की मंजूरी मिलती है तो संबंधित बूथ पर दोबारा मतदान कराया जाएगा। ऐसे में 14 सितंबर की मतगणना से पहले इस वार्ड के चुनाव परिणाम को लेकर भी स्थिति आयोग के निर्णय पर निर्भर करेगी।
एक ओर ईवीएम स्ट्रॉन्ग रूम में कड़े पहरे में हैं, वहीं दूसरी ओर एक बूथ पर सामने आई गड़बड़ी ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर प्रशासन की निगरानी और मतदाता सूची की शुद्धता पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।