
TEVAR प्रोसिजर से बचाई मरीज की जान
कमर और पीठ के तेज दर्द से जूझ रही 40 साल की विनीता परिवर्तित नाम ने सोचा भी नहीं होगा कि लगातार पीठ दर्द असल में उनके शरीर की महाधमनी एओर्टा में समस्या है और वह किसी भी वक्त फट सकती है, जिससे उनकी तुरंत मृत्यु भी हो सकती थी लेकिन ऐसा हुआ नहीं, डॉक्टर्स ने सही समय पर उनका इलाज किया और बिना सर्जरी किए हुए ट्रांसकैथेटर एंडोवस्कुलर एओर्टिक रिपेयर टीवार प्रोसिजर से उनके एओर्टा को रिपेयर कर उनकी जान बचा ली।
कार्डियोलोजिस्ट डा. सुनील बेनीवाल ने यह जटिल प्रोसिजर किया। इसमें CTVS टीम के डॉ. अक्षय शर्मा का भी योगदान रहा। डॉ. बेनीवाल ने बताया कि जब मरीज यहां सीके बिड़ला हॉस्पिटल आई तब मरीज को सीने और पीठ में भी तेज दर्द की शिकायत थी। यह शिकायत उसे पिछले करीब एक माह से थी। महिला की जांच की गई तो पता चल कि उनके एओर्टा में अल्सर है जोकि ऐओटिक डिसेक्शन में कन्वर्ट हो रहा है । दरअसल यह एक गंभीर और जानलेवा कंडीशन थी, ऐसे में सर्जरी से इसका इलाज कर पाना बेहद मुश्किल था क्योंकि एओर्टा तक पहुंच पाना संभव नहीं था। ऐसे मुश्किल हालात में एक अलग तरह के उपचार का रास्ता अपनाया। इसमें स्टेंट ग्राफ्ट के जरिए मरीज का इलाज किया गया। इसके लिए मरीज को 32 के साइज का ग्राफ्ट लगाया गया। एओर्टिक स्टेंट ग्राफ्ट इम्प्लांट लगाने के अगले दिन ही दर्द कम हो गया। मरीज को दो दिन बाद ही डिस्चार्ज कर दिया गया, अभी विनीता का स्वास्थ्य बेहतर है।