
जयपुर।
प्रदेश में विधानसभा चुनाव नज़दीक आने के साथ ही राजनीतिक हलचलें बढ़ने लगी हैं। बंद कमरे से सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाएं और बयानबाज़ी करने वाले नेता और पार्टियां अब सड़क पर उतरना शुरू हो गए हैं। इसका अंदाज़ा इस बात से लगाया जा सकता है कि भाजपा समेत अन्य विरोधी दलों ने राज्य सरकार के खिलाफ 'ज़मीनी आंदोलन' तेज़ कर दिया है।
भाजपा और आरएलपी हमलावर- लगा रहे ज़ोर
राज्य में सरकार बनाने को लेकर भाजपा के साथ ही आरएलपी ने भी अपने मिशन को गति देना शुरू कर दिया है। इसके लिए दोनों ही दल कांग्रेस की गहलोत सरकार को चौतरफा घेरने में लगे हुए हैं। प्रदेश में बिगड़ती क़ानून व्यवस्था, भ्रष्टाचार और पेपर लीक जैसे कुछ ऐसे गरमाये मुद्दे हैं जिन्हें दोनों ही दल भुनाने में लगे हैं। इन मुद्दों को पुरज़ोर तरीके से उठाया जाने लगा है।
आज चौमूं में भाजपा का हल्लाबोल
गहलोत सरकार के विरोध में प्रदेश भाजपा का जनाक्रोश अभियान जारी है। विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में बारी-बारी से इस अभियान को धार दी जा रही है। इसी क्रम में आज चौमूं विधानसभा क्षेत्र में जनाक्रोश के तहत विरोध-प्रदर्शन और सभा रखी गई है। शाम 5 बजे होने वाले इस प्रदर्शन-सभा में केंद्रीय राज्य मंत्री अर्जुन राम मेघवाल, प्रदेशाध्यक्ष सीपी जोशी, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया और स्थानीय विधायक रामलाल शर्मा मौजूद रहेंगे।
आरएलपी भीलवाड़ा में भरेगी 'हुंकार'
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) का बजरी माफियाओं और राज्य की कांग्रेस सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आंदोलन जारी है। इसी कड़ी में आज कार्यकर्ता भीलवाड़ा में विरोध-प्रदर्शन करने उतर रहे हैं। सांसद हनुमान बेनीवाल के नेतृत्व में यहां पहले रैली निकाली जाएगी फिर सभा होगी। इस दौरान पार्टी के तीनों विधायक पुखराज गर्ग, नारायण बेनीवाल व इंदिरा देवी बावरी सहित पार्टी के नेता-कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहेंगे।
सांसद बेनीवाल ने बताया कि आरएलपी कई अन्य मुद्दों के साथ ही बजरी माफिया के खिलाफ प्रमुखता से अपनी आवाज़ बुलंद कर रही है। विभिन्न ज़िलों में शुरू हुए इस सिलसिलेवार विरोध-प्रदर्शनों के ज़रिए बजरी की दरों को कम करवाने, अवैध रॉयल्टी के नाकों को हटाने, लीज के नाम पर अवैध स्टॉक करके राजस्व हानि पहुंचाने सहित अन्य मुद्दों को उठाया जा रहा है।