जयपुर

राजस्थान में हथियार बनाने का बड़ा कारखाना पकड़ा, ‘चोरी-छिपे’ बनाई जा रही थीं टोपीदार बंदूकें-पिस्टल्स-कारतूस

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Jan 28, 2019
Rajasthan Police busted illegal arms factory in Jalore

जालोर/बागोड़ा।

राजस्थान की जालोर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मोरसीम कस्बे में अवैध हथियार बनाने व रिपेयर करने का कारखाना पकड़ा। पुलिस ने भारी मात्रा में पिस्टल, कारतूस व टोपीदार बंदूक की नाल समेत अन्य उपकरण बरामद कर फैक्ट्री चलाने वाले मोरसीम निवासी बाबूराम पुत्र रामजीराम लोहार को गिरफ्तार किया।

पुलिस कार्रवाई में सामने आया कि आरोपी खुद के घर में ही हथियार बनाने का काम करता था। आरोपी आठ साल पहले इसी मामले में पकड़ा जा चुका है। पुलिस ने 26 जनवरी को इस मामले का खुलासा किया। अब पुलिस आरोपी से हथियारों की खरीद-फरोख्त करने वालों की तलाश में जुटी है।

एसपी केसरसिंह शेखावत के निर्देश पर थाना प्रभारी राणसिंह सोढ़ा के नेतृत्व में मय पुलिस जाब्ता ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपी के घर दबिश देकर उसकी निशानदेही पर तीन देशी कट्टे, एक पुरानी देशी टोपीदार छोटी कट्टानुमा बंदूक, एक देसी पिस्टल, एक पुरानी मोडीफाइड एयर गन, एक अद्र्धनिर्मित देशी टोपीदार लम्बी बंदूक, 12 जिंदा कारतूस पिस्टल व कट्टे से फायर होने वाले 9 जिंदा कारतूस 12 बोर के बरामद किए हैं। इसके अलावा हथियार बनाने के लिए उपयोग में आने वाली सामग्री लोहे की नालें, कुंदे, चैम्बर, ट्रेगर, क्लिप, औजार पेचकस, राड़, पाना, लोहे की ठोकर, कील, पतली पिनें व छोटी राड़ इत्यादि जब्त किए हैं।

पहले भी पकड़ा जा चुका है बाबूराम
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार बाबूराम लोहार पूर्व में भी वर्ष 2011 में अवैध हथियार बनाने के मामले में गिरफ्तार हो चुका है। उस समय पुलिस ने आरोपी के कब्जे से अवैध टोपीदार बंदूक व हथियार बनाने के उपकरण बरामद होने पर आम्र्स एक्ट में गिरफ्तार किया था। इसके बाद उसे जेल भी हुई थी। जेल से छूटने के बाद दोबारा उसने यह धंधा शुरू कर दिया।

Published on:
28 Jan 2019 08:32 am