
जयपुर। पिछले 68 घंटों से चल रही रोडवेज की हड़ताल आखिरकार शुक्रवार रात साढ़े आठ बजे समाप्त हो गई। परिवहन मुख्यालय में शुक्रवार को दिनभर चली वार्ता के बाद मंत्री यूनुस खान और रोडवेज के संयुक्त मोर्चे के पदाधिकारियों के बीच समझौता हो गया। इसके बाद रात 9 बजे तक हड़ताल समाप्ति की घोषणा कर दी गई।
वार्ता के दौरान कर्मचारी नेताओं ने चार प्रमुख मांगें सरकार के सामने रखी, जिनमें सेवानिवृत कर्मचारियों को परिलाभों का भुगतान रोडवेज की नवीन बसों देना, रोडवेज कर्मचारियों को सातवें वेतनमान और पेंशन भत्ते देना और रोडवेज के रिक्त पदों को भरने की मांग शामिल थी।
वार्ता में पहली मांग पर समझौता किया गया कि सरकार अगस्त माह तक रोडवेज को 150 करोड़ रुपए देगी, जिसमें से 100 करोड सेवानिवृति परिलाभ और शेष कर्मचारियों को भत्ता आदि दिया जाएगा। दूसरी मांग पर परिवहन मंत्री युनुस खान ने आश्वस्त किया कि रोडवेज की नकारा बसों को रिप्लेसमेंट के आधार पर चरणबद्ध तरीके से बदला जाएगा।
तीसरी और चौथीं मांग पर समझौता किया गया कि इस क्षेत्र के अनुभवी रिटायर्ड आईएएस की अध्यक्षता में कमेटी बनेगी, जिसमें कर्मचारी नेता और अधिकारी भी शामिल होंगे। यह कमेटी सातवें वेतनमान और नई भर्ती की मांग के संबंध में 31 अगस्त तक रिपेार्ट देगी। हड़ताल समाप्त हाेने के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली।